सीबीआई अदालत ने शर्तों के साथ दी राहत, जांच पूरी होने और चालान दाखिल होने का लिया संज्ञान
माई सिटी रिपोर्टर
पंचकूला। कालका रेलवे स्टेशन के कार्यालय अधीक्षक (ऑफिस सुपरिंटेंडेंट) रजनीश कुमार को 10 हजार रुपये रिश्वत लेने के मामले में पंचकूला स्थित विशेष सीबीआई अदालत से जमानत मिल गई है। अदालत ने मामले की जांच पूरी होने और आरोप पत्र (चालान) दाखिल किए जाने को ध्यान में रखते हुए शर्तों के साथ जमानत मंजूर की।
सीबीआई के अनुसार, हिमांशु सिंह ने 29 मई को शिकायत दी थी कि उसके पिता का टफ लोकेशन अलाउंस (टीएलए) जारी करने के बदले रजनीश कुमार ने 14 हजार रुपये रिश्वत की मांग की थी। बाद में कथित रूप से यह राशि 10 हजार रुपये पर तय हुई।
शिकायत के आधार पर सीबीआई ने 2 जून को ट्रैप लगाकर रजनीश कुमार को कथित रूप से 10 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया था।
सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष ने अदालत को बताया कि आरोपी का कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है। वह 2 जून से न्यायिक हिरासत में है, जांच पूरी हो चुकी है और मामले के अधिकांश साक्ष्य दस्तावेजी तथा सरकारी रिकॉर्ड पर आधारित हैं।
वहीं, सीबीआई ने जमानत याचिका का विरोध करते हुए कहा कि रिहा होने पर आरोपी गवाहों को प्रभावित कर सकता है। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने रजनीश कुमार को पासपोर्ट जमा कराने, प्रत्येक सुनवाई पर उपस्थित रहने और किसी भी गवाह को प्रभावित नहीं करने की शर्त पर जमानत प्रदान कर दी।