पंजाब में सीमा पार पाकिस्तान के साथ ही अब मध्य प्रदेश से हो रही अवैध हथियारों की तस्करी बड़ी चुनौती बन गई है। रोजाना सूबे में अवैध तरीके से हथियार पहुंच रहे हैं। गैंगस्टर व लुटेरे इन हथियारों का इस्तेमाल धड़ल्ले से कर रहे हैं। इस बात का खुलासा पंजाब पुलिस द्वारा गत समय में पकड़े गए गैंगस्टरों से पूछताछ में हो चुका है। इन हथियारों पर नकेल कसने के लिए पंजाब पुलिस लगातार जुटी हुई है।
पुलिस ने इस मामले को मध्य प्रदेश पुलिस के समक्ष मजबूती से उठाया है। वहीं, अब पुलिस मध्य प्रदेश से जुड़ा हथियारों का गिरोह पकड़ने के बाद वहां की पुलिस से संपर्क कर इस नेटवर्क को ध्वस्त कर रही है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक पहले उत्तर प्रदेश व बिहार से पंजाब में अवैध हथियारों की तस्करी होती थी। ये हथियार टारगेट किलिंग में इस्तेमाल होते थे लेकिन जैसे ही पंजाब पुलिस व अन्य सुरक्षा एजेंसियों का ध्यान यहां के तस्करों पर पड़ा तो उन्होंने अपना रुख मध्य प्रदेश कर लिया। ये लोग महाराष्ट्र व मध्य प्रदेश के सीमावर्ती एरिया में लगते जंगलों में अवैध तरीके से कारोबार चला रहे हैं।
मोहाली, रोपड़, खन्ना, लुधियाना, संगरूर और जालंधर पुलिस गत दो साल में इस तरह के कई गिरोह दबोच चुकी है। पता चला है कि जेल में बंद राजीव कौशल नाम के एक गैंगस्टर ने मध्य प्रदेश में अवैध हथियारों का ऑर्डर दिया था। इससे पहले पुलिस को इसकी भनक लग गई थी। पुलिस ने हथियार सप्लाई करने आ रहे व्यक्ति को काबू कर लिया था। अगस्त में लुधियाना पुलिस ने एक तस्कर राजा को आठ हथियारों के साथ गिरफ्तार किया था। राजा के लिए हथियार और गोला-बारूद बनाना एक पारिवारिक व्यवसाय था। पंजाब के डीजीपी गौरव यादव भी इस पर गंभीर हैं।
मध्य प्रदेश में बने अवैध हथियार का बढ़ा चलन
पंजाब पुलिस का मानना है कि दो साल से मध्य प्रदेश के हथियारों का चलन काफी बढ़ा है। बड़े गैंगस्टर गिरोह वहां के हथियारों का इस्तेमाल कर रहे हैं। अगर मोहाली जिले की बात करें तो एक साल में 100 से अधिक हथियार पकड़े हैं। इसमें ज्यादातर मध्य प्रदेश में अवैध तरीके से बने थे। इसी तरह रोपड़ पुलिस भी 60 से ज्यादा मध्य प्रदेश में बने हथियार पकड़ चुकी है।