गांवों में अभी भी हालात सामान्य नहीं हो पाए हैं। यहां पर मृत्यु दर में कोई गिरावट नहीं आई है। शहरों के मुकाबले अभी तक 2.8 फीसदी मृत्यु दर का आंकड़ा स्थिर है। शहरों में यही दर 0.8 प्रतिशत पर स्थिर है।
ये आंकड़े बेहद चिंताजनक हैं। ये हालात सिर्फ ग्रामीणों द्वारा संक्रमण को लेकर बरती जा रही लापरवाही के कारण हुए हैं। ग्रामीणों को अब स्वयं ही इसको लेकर जागरूक होना होगा नहीं तो हालात और भी खराब हो जाएंगे।- डॉ. रमणीक सिंह बेदी, पूर्व अध्यक्ष आईएमए, चंडीगढ़।
शहरी क्षेत्रों की अपेक्षा कम संक्रमण दर होने के बावजूद ग्रामीण क्षेत्रों में 58 प्रतिशत संक्रमण से मौतें दर्ज की गई हैं। संक्रमण के हल्के लक्षणों पर ग्रामीणों को लापरवाही नहीं बरतनी चाहिए, उन्हें तत्काल स्वास्थ्य संस्थाओं की ओर रुख करना चाहिए। - बलबीर सिंह सिद्धू, स्वास्थ्य मंत्री, पंजाब सरकार।