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Panchkula News: दिवाली में 20 फीसदी नमूने फेल, होली के 65 नमूनों की रिपोर्ट 15 दिन बाद आएगी

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माई सिटी रिपोर्टर पंचकूला। दीपावली के सीजन में मिठाइयों और अन्य खाने-पीने की चीजों में मिलावट की गई। इसका खुलासा खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग के द्वारा लिए नमूनों की रिपोर्ट से हुई है। दिवाली में विभाग ने करीब 88 नमूने लिए। उसमें से 18 नमूने फेल मिले। होली में अभी तक 65 नमूने लेकर करनाल भेजे जा चुके हैं। त्योहारी सीजन में नमूने लेने के 15 दिन बाद रिपोर्ट मिलने का कोई औचित्य नजर नहीं आ रहा है। इस बारे में लोगों का कहना है कि जब तक रिपोर्ट आती है तब तक मिलावटी मिठाइयां और खाने-पीने की चीजें खाकर लोग बीमार हो चुके होते हैं। ऐसे में विभाग केवल जुर्माना लगाकर अपनी इतिश्री कर लेता है। इस बार होली के सीजन में भी विभाग के पास कोई तुरंत रिपोर्ट वाली कोई प्लान नहीं है। अभी भी विभाग के अधिकारी नमूने लेकर करनाल भेज रहे हैं। इसकी रिपोर्ट करीब 15 दिन बाद आएगी। तब तक होली का त्योहार खत्म हो चुका होगा।
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पंचकूला के खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग के पदभिहित अधिकारी सुभाष चंद्र ने बताया कि होली को लेकर सैंपलिंग की जा रही है। इसमें चेकिंग की गई है। दुकानों के सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं। ऐसे में साफ है कि खाने-पीने की चीजें बेचने वाले दुकान और होटल संचालक ने जमकर मिलावट कर लोगों की जिंदगी से खिलवाड़ करते हैं। अबकी बार पिछले साल की तुलना में कहीं ज्यादा नमूने लिए गए हैं। पंचकूला में मिलावट करने वाले दुकानदारों के खिलाफ कार्रवाई में लंबा समय लगता है। निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार उन पर कार्रवाई में महीनों लग जाते हैं। तीन माह का समय तो एडीसी के पास लगता है। वहीं अनसेफ सैंपल को लेकर मामला कोर्ट में जाता है। दोषी दुकानदार को नोटिस भेजा जाता है। इसके बाद रिचेकिंग का विकल्प दिया जाता है। इसमें एक माह की समय सीमा निर्धारित होती है। विभाग में स्टाफ की कमी भी एक समस्या है। हालांकि विभाग की ओर से इस बारे में लिखकर भेज दिया गया है। विभाग की ओर से एसएफओ की 45 पोस्ट भी नहीं भरी गई है। वहीं पंचकूला में चेकिंग के लिए केवल दो लोगों का स्टाफ है। स्टाफ की कमी के चलते नमूने विभाग की कार्यशैली भी प्रभावित हो रही है। नमूने भरने की प्रक्रिया पर भी इसका प्रभाव पड़ता है।

18 सैंपल पाए गए फेल
पंचकूला में वर्ष 2022 में 88 सैंपल त्योहारी सीजन में भरे गए। यह सैंपल विशेष टीम की ओर से पिछले साल में भरे गए। इसमें 18 सैंपल फेल हो गए। इसमें 20 फीसदी सैंपल फेल हो गए। इसमें पंचकूला के अधिकारियों की ओर से सैंपल भरे गए। इसमें पनीर, दूध, घी, मिठाइयों और मावा के सैंपल फेल पाए गए हैं। इसके अलावा होटलों में भी खाने की क्वालिटी खराब मिली। त्योहारी सीजन में जमकर लोगों को मिलावटी मिठाइयां और खाना परोसा गया।
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पंचकूला की दुकानों की चेकिंग की जा रही है। सैंपल जांच के लिए करनाल भेजे जा रहे हैं। जो भी सैंपल फेल पाए जाएंगे। इसमें दुकानदारों पर जुर्माना किया जाएगा। -सुभाष चंद्र, पदभिहित अधिकारी, पंचकूला खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग
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