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सोमवार से वेंडर्स को होगी जगह अलाट

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सात जोन तैयार, सोमवार से वेंडर्स को अलाट की जाएगी जगह
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शहर में 44 वेंडिग जोन बनेंगे, जहां बैठाए जाएंगे 9141 वेंडर्स
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़।
नगर निगम के 7 वेंडिग जोन बनकर तैयार हैं। सोमवार से यहां पर वेंडर्स को बैठाने का काम शुरू हो जाएगा। ड्रॉ के माध्यम से वेंडर्स को तय जोन पर बिठाया जाएगा। वेंडर एक्ट लागू होने के बाद पहली बार नगर निगम की ओर से वेंडर्स को जोन में बिठाया जा रहा है। नगर निगम के अतिरिक्त कमिश्नर अनिल गर्ग का कहना है कि सेक्टर-28, 29, 30, 32, 33, 38 और 39 में वेंडिग जोन बनकर तैयार हो चुके हैं। मार्किंग का काम चल रहा है। यहां पर 800 वेंडर्स को एडजस्ट किया जाएगा।
यहां पर इन्हीं सेक्टरों में इधर-उधर बाजारों में बैठे वेंडर्स को ड्रा के माध्यम से जगह अलाट की जाएगी। नगर निगम के पास इस समय 9141 वेंडर्स का रजिस्ट्रेशन है। नगर निगम की ओर से पिछले साल शहर के सर्वे में 22 हजार वेंडर्स का नाम सामने आया था, लेकिन रजिस्ट्रेशन में 9141 का नाम आया। नगर निगम ने रजिस्ट्रेशन हो चुके लोगों से हर माह शुल्क लेना शुरू कर दिया है। नगर निगम को इन लोगों से हर माह एक करोड़ रुपये की कमाई भी हो रही है।
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वेंडिग जोन में बैठाने के बाद इन सेक्टरों में अगर कोई बाजारों में वेंडर बैठा मिलता है तो उसका सामान जब्त कर चालान काटा जाएगा। ऐसी स्थिति में जब्त किया हुआ सामान भी नहीं छोड़ा जाएगा।

44 वेंडिग जोन बनने हैं : गर्ग
नगर निगम के अतिरिक्त कमिश्नर अनिल गर्ग का कहना है कि पूरे शहर में 44 वेंडिंग जोन बनने हैं। अभी जो जोन तय हुए हैं, वहां पर सोमवार से ड्रा के माध्यम से वेंडर्स को जगह अलाट करनी शुरू कर दी जाएगी। जैसे-जैसे आगे जोन बनते जाएंगे, वैसे-वैसे वेंडर्स को बैठाने का काम शुरू कर दिया जाएगा।

बिना लाइसेंस के वेंडर्स को उठाने की कार्रवाई शुरू
कमिश्नर जितेंद्र यादव के आदेश के बाद बुधवार से नगर निगम ने बिना लाइसेंस के काम करने वाले वेंडर्स के खिलाफ अभियान छेड़ दिया है। अभी सेक्टर-17, 19 और 22 में कार्रवाई करने की हिदायत दी गई है। सबसे ज्यादा वेंडर्स इन बाजारों में ही बैठे हैं। यहां पर ऐसे वेंडर्स भी बैठे हैं, जिन्होंने रजिस्ट्रेशन करवाने के बाद भी लाइसेंस नहीं बनवाया है।
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पिछले दो साल से बनी हुई है परेशानी
पिछले डेढ़ साल से नगर निगम का अतिक्रमण दस्ता उन वेंडर्स का चालान नहीं काट रहा है, जिनका नाम रजिस्ट्रेशन में है, लेकिन कई बाजारों में वेंडर्स शहरवासियों के लिए परेशानी का सबब बन गए हैं। लोगों के पैदल चलने वाली जगह पर वेंडर्स का कब्जा है। सेक्टर-15, 17, 19, 22 औप 35 के बाजारों में सबसे ज्यादा दिक्कत बनी हुई है। शास्त्री मार्केट और सेक्टर-22 का तो इतना बुरा हाल है कि लोगों के पैदल चलते समय एक दूसरे से कंधे लगते हैं। प्रशासन ने सेक्टर-1 से 6 और 17 को नो वेंडिंग जोन बनाने का भी फैसला लिया हुआ है।
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