सेक्टर-6 सिविल अस्पताल में टीका लगवाने के लिए लाइन में खड़े बुजुर्ग।
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पंचकूला/कालका। जिले के तीन केंद्रों पर सोमवार को 131 वरिष्ठ नागरिकों को कोविशील्ड के टीके लगाए गए। पोर्टल में पंजीकरण प्रक्रिया धीमी चलने के कारण स्वास्थ्य कर्मचारियों और टीका लगवाने आए बुजुर्गों को परिवार के साथ काफी इंतजार करना पड़ा। कई बुजुर्गों को लौटना भी पड़ा। विभाग ने 60 वर्ष से ऊपर के 300 लोगों को टीका लगाने का लक्ष्य रखा था, लेकिन लक्ष्य पूरा नहीं हो सका। इसके अलावा 45 से ज्यादा आयु के आठ बीमार लोगों को भी टीका लगाया गया।
पंचकूला में 60 वर्ष से ज्यादा और 45 वर्ष के अधिक आयु के बीमार लोगों को टीका लगाने के लिए तीन सेंटरों पर तैयारी की गई थी। इसमें सिविल अस्पताल सेक्टर-6, पॉलीक्लीनिक सेक्टर-26 और एसडीएच कालका के केंद्र शामिल थे। पंचकूला के सिविल अस्पताल में 35, पॉलीक्लीनिक सेक्टर-26 में 47 और कालका में 49 बुजुर्गों को टीका लगाया गया। इसके अलावा कालका में 45 वर्ष से अधिक आयु के बीमार आठ लोगों को भी टीका लगाया गया। तीनों टीकाकरण केंद्रों पर सुबह से ही बुजुर्गों का आना शुरू हो गया था।
पोर्टल की वजह से टीकाकरण रहा धीमा
पोर्टल की वजह से टीकाकरण का काम धीमी गति से चला। पंचकूला की सीएमओ डॉ. जसजीत कौर ने बताया कि पोर्टल में बिना पंजीकरण किए वैक्सीन लगाई नहीं जा सकती है। इसी वजह से लोगों को पोर्टल धीरे चलने के कारण इंतजार करना पड़ा। इस संबंध में सूचना उच्चाधिकारियों को भेज दी गई है। इसके साथ ही सेंटरों में ब्रांडबैंड की क्षमता बढ़ा दी जाएगी।
निजी अस्पतालों में होगी शुरुआत
जिन निजी अस्पतालों में पीएमजे, सीजीएचएस, स्टेट इंश्योरेंस स्कीम की सुविधा उपलब्ध है उन केंद्रों को ही टीकाकरण केंद्र बनाया जाएगा। इसके लिए लाभार्थी को कोविशील्ड का टीका लगवाने से पहले केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित शुल्क 250 रुपये देना होगा।
सोमवार को 69 लोगों के कोविशील्ड के टीके लगाए गए। इसमें 60 साल से अधिक आयु के 49 बुजुर्ग, 45 से 60 साल के बीच के आठ लोगों सहित एक फ्रंट लाइन वर्कर और 11 स्वास्थ्य कर्मचारियों को टका लगाया गया। -डॉ. रूपिन्द्र सिंह सेनी, एसएमओ