चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड ने फाइनेंस हाउसिंग इंप्लाइज स्कीम के तहत फ्लैट्स के रेट को लेकर कर्मचारियों की राय मांगी है। अब सीएचबी के फ्लैट के पहले से तय रेट पर कर्मचारियों के सुझाव लिए जाएंगे। उनके सुझाव के बाद सीएचबी स्कीम पर काम करेगा। अगर कर्मचारी सहमति जताते हैं कि सीएचबी की ओर से तय रेट पर फ्लैट्स लेने के लिए तैयार हैं तो टेंडर प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। इसमें हाउसिंग स्कीम के तहत चयनित यूटी प्रशासन के करीब 4000 कर्मचारियों को लाभ पहुंचाना है।
यूटी प्रशासन के एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि चुनाव आचार संहिता के कारण फाइनेंस हाउसिंग इंप्लाइज स्कीम पर कोई काम नहीं कर सकते हैं। लोकसभा चुनाव के बाद कर्मचारियों के साथ मीटिंग कर राय ली जाएगी। इसमें पूछा जाएगा कि कर्मचारी फ्लैट्स लेने के लिए तैयार हैं या नहीं। उनकी सहमति के बाद प्रोजेक्ट पर आगे काम शुरू होगा। हालांकि, सीएचबी ने स्कीम पर पूरा एजेंडा तैयार कर लिया है।
यहां बनाए जाने हैं फ्लैट
सीएचबी की ओर से सेक्टर-53 की 11.79 एकड़ जमीन पर कर्मचारियों के लिए फ्लैट्स बनाए जाने हैं। यहां अलग-अलग कैटेगरी के 565 फ्लैट्स बनने हैं। बता दें कि हाल ही में केंद्र सरकार ने हाउसिंग इंप्लाइज स्कीम के तहत मिलने वाली जमीन का स्टेटस क्लीयर किया है, जबकि इस स्कीम के लिए कर्मचारी पिछले 10 साल से संघर्ष कर रहे थे। अभी फिलहाल बोर्ड ने पहले फेज में बनने वाले फ्लैट्स के लिए यह सब फाइनल किया है। इसके बाद दूसरे फेज में बोर्ड अन्य फ्लैट बनाएगा।
अभी लग सकता है और समय
पिछले कई साल से इंतजार कर रहे कर्मचारियों को बीते दिसंबर माह में केेंद्र सरकार ने यूटी प्रशासन को सस्ते दर पर फाइनेंस हाउसिंग इंप्लाइज स्कीम के तहत फ्लैट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए थे, लेकिन फ्लैट के रेट अधिक होने के चलते कर्मचारी इन्हें लेने को तैयार हैं। सीएचबी के अफसरों का कहना है कि पूरी प्रक्रिया में थोड़ा समय लगेगा, क्योंकि चुनाव आचार संहिता के चलते अभी बोर्ड कुछ नहीं कर सकता है।