50-50 करोड़ रुपये बना चुके हैं गुरुजी और शिव
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़।
टीचर भर्ती घोटाले के दोनों मास्टरमाइंड संजय श्रीवास्तव उर्फ गुरुजी और शिव बहादुर अब तक पेपर स्कैम से अलग-अलग 50-50 करोड़ रुपये से अधिक रुपया कमा चुके हैं। दोनों ने लखनऊ और बनारस में कई जगह प्रॉपर्टी में निवेश किया हुआ है। वहीं शिव बहादुर ने इन्हीं पैसों से कुछ समय पहले ही बनारस में 2.5 करोड़ रुपये का घर भी लिया है।
एसआईटी अधिकारी के अनुसार पुलिस जांच में सामने आया है कि दोनों 11 साल से इस काम में लगे हैं और अब तक कई पेपर लीक करवा चुके हैं। दोनों के तार व्यापमं घोटाले से लेकर जेबीटी-टीजीटी भर्ती के साथ ही कई अन्य राज्यों में भर्ती पेपर लीक से जुड़े हैं। वर्ष 2006 में पहली बार दोनों को गिरफ्तार किया गया था।
एक-एक कैंडीडेट से 7 से 10 लाख तक लिए
जांच में सामने आया है कि दोनों आरोपियों ने र्कई जगह जमीन खरीदी हुई है। इनका नैक्सस बिहार और यूपी में फैला हुआ है। ये लोग इस तरह से पैसे को प्रॉपर्टी में निवेश कर उसे काले से सफेद भी करते हैं। इसके अलावा कुछ अन्य कारोबार में भी पैसा लगाया हुआ है। दोनों ने 300 लोगों को जेबीटी-टीजीटी में भर्ती कराने की बात कबूली थी। एक-एक कैंडीडेट से 7 से 10 लाख रुपये तक लिए गए थे। ऐसे में पुलिस को अंदेशा है कि दोनों ने इससे भी कई अधिक पैसा इन कामों से बनाया है। फिलहाल पुलिस दोनों की संपत्ति और निवेश की भी जांच कर रही है।
तीन दिन का रिमांड और बढ़ा
चार दिन का रिमांड समाप्त होने पर एसआईटी ने संजय श्रीवास्तव और शिव बहादुर को जिला अदालत में पेश किया। वहां से दोनों का 3-3 दिन का रिमांड हासिल किया। इससे पहले एसआईटी इंचार्ज ने अदालत को बताया कि दोनों आरोपियों से पूछताछ के बाद उन्होंने अलग-अलग शहरों से आरोपियों को गिरफ्तार करना है। इनमें शिव बहादुर से पूछताछ के आधार पर जोगिंदर आजमगढ़ से, पूनम भोजपुर बिहार से, बिजय उर्फ बिज्जू पौड़ी गढ़वाल उत्तराखंड से और संजय श्रीवास्तव से डब्ल्यू पांडे उर्फ शैलेंद्र पांडे निवासी बिहार, सुखप्रीत सिंह बठिंडा से और बेदी राम को जौनपुर यूपी से गिरफ्तार करना है। इनमें से बेदी राम व्यापमं घोटाले में भी आरोपी है और सुखप्रीत ने संजय पांडे को 15 लाख रुपये दो कैंडीडेट के लिए दिए थे।
बचाव पक्ष की दलील
बचाव पक्ष के वकील ने पुलिस रिमांड का विरोध करते हुए कहा कि पुलिस दोनों का पहले भी पांच दिन का रिमांड ले चुकी है। लेकिन, न तो अब तक कोई रिकवरी हुई है और न ही अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी। इस पर पुलिस ने बताया कि दोनों आरोपी बार-बार बयान बदल रहे हैं और जांच में सहयोग नहीं कर रहे हैं। दिल्ली की सरकारी प्रिंटिंग प्रेस में रेड की थी। लेकिन वहां से उन्हें कोई खास सफलता हासिल नहीं हुई। इसके बाद दोनों ने आरोपियों के कहीं और होने का बयान दिया है।
हर 24 घंटे में मेडिकल कराने के आदेश
पिछली पेशी पर संजय श्रीवास्तव उर्फ गुरुजी और शिव बहादुर ने पुलिस पर उनके शारीरिक शोषण और मारपीट का आरोप लगाया था। इलाका मजिस्ट्रेट की अदालत में बचाव पक्ष ने फिर इस मुद्दे को उठाया तो अदालत ने पुलिस से दोनों का पेशी से ले जाने के साथ ही मेडिकल कराने को कहा। साथ ही दोनों का हर 24 घंटे में मेडिकल कराने को भी कहा है। साथ ही 15 को पेशी पर लाने से पहले भी मेडिकल कराने के आदेश दिए हैं।
-जेबीटी-टीजीटी घोटाले के आरोपियों ने यूपी और बिहार में कई शहरों में प्रॉपर्टी में किया है निवेश
- शिव बहादुर ने बनारस में कुछ समय पहले लिया था 2.5 करोड़ का घर