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अलीगढ़ ले जाकर भ्रूण जांच व गर्भपात कराने वाले दो आरोपी पकड़े

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पलवल। अलीगढ़, खैर तथा दिल्ली के विभिन्न क्षेत्रों में ले जाकर गर्भपात कराने तथा भ्रूण लिंग जांच कराने के मामले में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने दो लोगों को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। विभाग की टीम ने इस मामले में दो लोगों के खिलाफ शहर थाने में मुकदमा दर्ज कराया है। दोनों लोगों को जिला सिविल सर्जन द्वारा बनाई कई डॉक्टरों की टीम ने अलीगढ़ में छापा मारने के बाद रहीमपुर उत्तर प्रदेश से पकड़ा।
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जिला सिविल सर्जन डॉ. ब्रह्मदीप सिंह ने बताया कि उन्हें सूचनाएं मिल रही थीं कि कुछ लोग यहां से गर्भवती महिलाओं को अलीगढ़, खैर तथा दिल्ली के विभिन्न अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर ले जाकर भ्रूण जांच कराते हैं तथा गर्भपात कराते हैं। इसके बदले वे लोग 35 से 40 हजार रुपये वसूलते हैं। सूचना मिलते ही जिला सिविल सर्जन डॉ. ब्रह्मदीप सिंह ने उप सिविल सर्जन डॉ. प्रवीण, डॉ. संतोष, डॉ. सुदीप सैनी की एक टीम बना दी। टीम बनाने के बाद मनीषा, सोनू और नरेश नामक व्यक्तियों को फर्जी ग्राहक के रूप में तैयार किया। इन लोगों का दलाल विष्णु और हरकिशन से लिंग जांच करवाने के लिए 38 हजार में सौदा तय हुआ। सौदा होने के बाद विष्णु ने सोनू व उसकी पत्नी मनीषा को 14 दिसंबर को सुबह आठ बजे दूधोला गांव में बुलाया। वहां पहुंचने पर विष्णु ने सोनू व उसकी पत्नी मनीषा से 38 हजार रुपये ले लिए। विष्णु ने हरकिशन से संपर्क साधा और उसके आने पर उसे 18 हजार रुपये दे दिए। दोनों मनीषा व उसके पति के साथ खैर अलीगढ़ पहुंचे। वहां पहुंचने पर हरकिशन मनीषा को अपने साथ अलीगढ़ में रश्मि इमेजिंग एवं डायग्नोस्टिक क्लिनिक पर ले गया और वहां पर डॉ. मयंक ने गर्भ में पल रहे बच्चे की जांच करके लड़का होने की पुष्टि की।
पुलिस सूत्रों की लोकेशन के आधार पर स्वास्थ्य विभाग की टीम वहां पहुंच गई। जानकारी मिलते ही हरकिशन व विष्णु वहां से सोनू व उसकी पत्नी मनीषा को लेकर निकल लिए। उनका पीछा करते हुए टीम ने विष्णु व हर किशन को रहीमपुर के पास पकड़ लिया तथा शहर थाना पुलिस के हवाले कर दिया। जहां विभाग द्वारा दोनों आरोपियों के साथ-साथ अलीगढ़ स्थित रश्मि डायग्नोस्टिम क्लीनिक के संचालक डॉक्टर मयंक के खिलाफ पीसीपीएनडीटी की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज करवाया है। सिविल सर्जन ने बताया कि इन लोगों को पकड़ने में काफी मशक्कत हुई, लेकिन एक बड़ा खुलासा हुआ है। जल्द ही ऐसे और मामले सामने आने की उम्मीद है।
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