गांव गहलब के कन्या मिडिल स्कूल में मिड डे मील में बृहस्पतिवार को कीड़े देख छात्राओं ने उसे खाने से इंकार कर दिया। उधर, मामले की भनक लगते ही गांव वालों ने स्कूल पहुंचकर हंगामा किया। अभिभावकों ने मामले की जांच की मांग की।
अधिकारियों की लापरवाही का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि जब सरपंच ने मामले की जानकारी देने के लिए जिला शिक्षा अधिकारी को फोन किया तो उन्होंने फोन तक रिसीव नहीं किया।
जानकारी के अनुसार गहबल के कन्या मिडिल स्कूल में लगभग 200 छात्राएं पढ़ती हैं। मिड डे मील के तहत बृहस्पतिवार को स्कूल में चावल बनाए गए थे।
दोपहर को जब चावल परोसे जा रहे थे तो छात्राओं ने उसमें कीड़े देख लिए। इस पर छात्राओं ने मामले की शिकायत शिक्षकों से की। उधर, मामले की भनक लगते ही ग्रामीण स्कूल पहुंचे और जमकर हंगामा किया। ग्रामीणों का आरोप था कि आएदिन बच्चों को मिड डे मील में घटिया खाद्य सामग्री दी जाती है लेकिन अध्यापक इस ओर ध्यान नहीं देते।
मामले की सूचना पर गांव के सरपंच नरेंद्र सहरावत भी स्कूल में पंचायत सदस्यों के साथ पहुंचे और मुख्याध्यापक रणधीर सिंह से मामले की शिकायत की । मुख्याध्यापक ने पंचायत के सामने इस मामले में गलती स्वीकार करते हुए कहा कि आगे से लापरवाही नहीं होगी। सरपंच का कहना है कि जिला शिक्षा अधिकारी सुरेश कुमार को सूचना देने के लिए फोन किया गया लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया । इस पर सरपंच ने मामले की सूचना जिला पंचायत अधिकारी दीपक यादव को दी।