पलवल। भले ही प्रशासन से लेकर स्वास्थ्य विभाग तक कोरोना वायरस की तीसरी लहर से लोगों को आगाह कर चुका है। ओमिक्रॉन वैरिएंट के केस भी सामने आने लगे हैं। फिर भी आमजन इससे ऐसे लापरवाह है जैसे उससे इससे कोई लेना देना ही नहीं है। दो गज दूरी और मास्क है जरूरी का स्लोगन तो हवा हो चुका है। अब तो बड़ी संख्या में लोग बिना मास्क सड़कों और भीड़भाड़ वाली जगहों पर धड़ल्ले से घूम रहे है। जब लोग खुद ही वायरस को जानलेवा नहीं मान रहे तो अपनों को इसके खतरे से कैसे दूर रख पाएंगे। मंगलवार को अमर उजाला की टीम ने कुछ भीड़भाड़ वाली जगहों का जायजा लिया तो ऐसा हाल देखने को मिला...
समय: सुबह 11 बजे
स्थान: जिला नागरिक अस्पताल
अस्पताल में उपचार कराने और अपने परिजनों को डॉक्टरों के पास जांच कराने आए लोगों के पास मास्क नहीं थे। अस्पताल में ओपीडी कार्ड बनवाने के लिए लाइन में लगे किसी भी महिला-पुरुष ने मास्क नहीं पहना हुआ था। इतना ही नहीं दो गज दूरी का भी कोई पालन होता अस्पताल में दिखाई नहीं दिया। इतना ही नहीं अस्पताल में उपस्थित स्वास्थ्य कर्मियों तक ने मास्क नहीं पहने हुए थे।
समय: दोपहर 11.30
स्थान: दिल्ली-आगरा राजमार्ग
यहां भी किसी भी व्यक्ति ने मास्क नहीं पहना हुआ था। लोग धड़ल्ले से बिना मास्क के घूमते नजर आ रहे थे। यहां तक की स्कूली बच्चों को ले जाने वाले वाहन चालक भी बिना मास्क थे। स्कूली बच्चों के पास भी मास्क नहीं थे। जब एक बच्चे से मास्क न पहनने का कारण पूछा गया तो उसका कहना था कि मास्क पहनने से दम घुुटता है और उन्हें मास्क पहनना अच्छा नहीं लगता।
मास्क पहनने के लिए लोगों को लगातार जागरूक किया जा रहा है। आशा वर्कर और स्वास्थ्य कर्मी लोगों को हर दिन मास्क पहनने तथा दो गज की दूरी बनाए रखने के लिए कहते हैं।
- डॉ. ब्रह्मदीप सिंह, जिला सिविल सर्जन
उपायुक्त ने जारी की एसओपी
उपायुक्त कृष्ण कुमार ने कोविड-19 को नियंत्रित करने के लिए एहतियाती उपायों और कोरोना प्रोटोकॉल को लागू करने के संबंध में एसओपी (स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर) भी जारी की है। उन्होंने कोरोना प्रोटोकॉल को सख्ती से लागू करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए हैं। उपायुक्त ने बताया कि सार्वजनिक स्थानों, सभी स्कूल, उद्योग, व्यवसाय परिसर, रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड आदि जहां लोगों के इकट्ठा होने की संभावना है। वहां पुलिस, स्वास्थ्य, नगर निगम और समितियों जैसी प्रवर्तन एजेंसियों द्वारा बिना मास्क पहने हुए लोगों के चालान करने के लिए सख्त उपाय किए जाने चाहिए। सरकार द्वारा जारी एसओपी महामारी अलर्ट-सुरक्षित हरियाणा के अनुसार सोशल डिस्टेंसिंग का पालन सुनिश्चित किया जाए। यह सुनिश्चित किया जाए कि किसी भी स्तर पर एसओपी का उल्लंघन नहीं होने दिया जाए। उन्होंने कोविड-19 की रोकथाम के संबंध में आमजन से अपील की है कि वे कोविड-19 के संक्रमण को रोकने के लिए जारी की गई सभी हिदायतों का सख्ती से पालन करें और इस जागरूकता को अपने आसपास के क्षेत्र रहने वाले लोगों तक भी अवश्य पहुंचाएं।