सैक्स रेशो (लिंग अनुपात) को काबू में रखने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने हाईप्रोफाईल योजना तैयार की है। इसके तहत जहां जिले में गर्भवती महिलाओं का डाटा ऑनलाईन तैयार किया जाएगा। वहीं अल्ट्रासाउंड सेंटरों पर भी शिकंजा कसा जाएगा। इसके लिए सरकार हाईटेक तरीका अपनाने जा रही है। यदि सब ठीक ठाक रहा तो जनवरी 2017 में योजना को कार्यरूप दे दिया जाएगा।
अगस्त 2016 से जिले का सैक्स रेशो प्रदेश में ही नहीं देशभर में अव्वल स्थान पर जा रहा है। अगस्त में जहां सैक्स रेशो 1062 था तो सितंबर माह में यह 1048 के साथ स्थिति को संभाले रहा। अक्तूबर व नवंबर माह के आंकड़े भी उत्साहवर्धक रहे हैं। जिसे आगे भी ठीक रखने के लिए विभाग नें खाका तैयार किया है।