नारनौल। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय पटीकरा में शुक्रवार को खंड स्तरीय युवा संसद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। सत्ता पक्ष और विपक्ष की भूमिका निभाने वाले छात्रों ने संसदीय नियमों का पालन करते हुए तर्कपूर्ण बहस की और अंत में राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य एवं कल्याण अधिनियम-2026 को बहुमत से पारित किया।
इस दौरान विद्यार्थियों ने लोकसभा की कार्यवाही का जीवंत मंचन कर लोकतांत्रिक परंपराओं और राष्ट्रीय मुद्दों पर अपनी समझ का शानदार प्रदर्शन किया। कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय के प्राचार्य ब्रह्म प्रकाश दहिया और मुख्य अतिथि भूप सिंह भारती ने किया।
उन्होंने कहा कि युवा संसद विद्यार्थियों में लोकतांत्रिक सोच, नेतृत्व क्षमता, तार्किक विचार, संवाद कौशल और संविधान की समझ विकसित करने का प्रभावी माध्यम है। ऐसे आयोजन युवाओं को संसद की कार्यप्रणाली और देश के महत्वपूर्ण मुद्दों से जोड़ते हैं।
युवा संसद के दौरान राष्ट्रीय आंतरिक सुरक्षा, नशा मुक्ति अभियान, रोजगार आधारित शिक्षा और मानसिक स्वास्थ्य जैसे विषयों पर गंभीर चर्चा हुई। प्रश्नकाल में छात्रों ने जनहित से जुड़े सवाल पूछे।
सत्ता पक्ष ने सरकार की योजनाओं और नीतियों का पक्ष रखा, जबकि विपक्ष ने तथ्यों के आधार पर सवाल उठाए और कई रचनात्मक सुझाव भी दिए। बहस के बाद सदन ने मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत और सभी तक पहुंचाने के उद्देश्य से विधेयक को बहुमत से मंजूरी दे दी।
प्रतियोगिता का मूल्यांकन डाइट महेंद्रगढ़ के प्रवक्ता प्रदीप यादव, राजनीति विज्ञान के प्रवक्ता डॉ. संजय शर्मा और डाइट प्रवक्ता जितेंद्र बोहरा ने किया। निर्णायकों ने विद्यार्थियों की संसदीय भाषा, आत्मविश्वास, विषयों की समझ और अनुशासित संचालन की सराहना की।
उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रम भविष्य के जागरूक, जिम्मेदार और लोकतांत्रिक मूल्यों वाले नागरिक तैयार करने में अहम भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम का संचालन अनिल शर्मा ने किया। इस अवसर पर दीपक कुमार, नरेंद्र कुमार, धर्मवीर, प्रीतम, विनोद, सुखबीर, कविता सहित विद्यालय के शिक्षक और बड़ी संख्या में विद्यार्थी मौजूद रहे।