महेंद्रगढ़। हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय (हकेंवि) महेंद्रगढ़ के वेगश्री (वेदिक गणित शोध रीति) प्रकोष्ठ द्वारा विज्ञानिका नामक वैज्ञानिक कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया।
आयोजन में प्रसिद्ध कवि सुरेश नीरव, यशपाल सिंह, पंकज प्रसून, मधु मिश्रा, डाॅ. ऋतुबाला ने शिरकत की। कवि सम्मेलन में विज्ञान और कविता का अद्वितीय संयोजन देखने को मिला। कविताओं में अंतरिक्ष, समय, पर्यावरण और प्रौद्योगिकी, गणित जैसे विषयों को व्यापक रूप से प्रदर्शित किया गया। कवि सम्मेलन में विश्वविद्यालय कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार ने कहा कि विज्ञानिका विज्ञान और कला के बीच की खाई को पाटने वाली एक अनोखी पहल है। विश्वविद्यालय की समकुलपति प्रो. सुषमा यादव ने कहा कि ऐसे प्रतिष्ठित कवियों की मेजबानी करना हमारे लिए हर्ष की बात है। उन्होंने कार्यक्रम को सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएं भी दी। कवि सम्मेलन में विज्ञान और कविता का अद्वितीय संयोजन भी दिखा।
कार्यक्रम की संयोजक डॉ. ऋतु बाला ने वेगश्री के उद्देश्यों से प्रतिभागियों को अवगत कराया और भारतीय ज्ञान परंपरा का परिचय अपनी कविता के माध्यम से दिया। आयोजन में उपस्थित कवि यशपाल सिंह ने विभिन्न रसायनों से लिप्त कविताओं की शानदार प्रस्तुतियां दी। कवियित्री मधु शर्मा ने गायन शैली में पर्यावरण और सेहत पर श्रंगार रस कविताएं पढ़ी। इसी क्रम में वरिष्ठ कवि सुरेश नीरव ने विज्ञान के साथ हास्य रस को जोड़ वैज्ञानिक तथ्यों को प्रस्तुत कर सबका मन गुदगुदाया।