पटीकरा स्थित कोविड-19 केयर सेंटर से उपचाराधीन दो बंदी एक बार फिर से भागने की साजिश रच रहे थे। बंदियों की वार्ड का गेट तोड़कर भागने की साजिश थी। उनके पास से सरिया के टुकड़े मिले हैं। मामला का पता सीसीटीवी कैमरे से चला। सिटी थाना पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पटीकरा स्थित बीकेएन मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में कोरोना मरीजों के लिए कोविड-19 केयर सेंटर बनाया गया है। सेंटर के प्रभारी एचसी कुलदीप ने पुलिस को शिकायत में बताया कि तीन नवंबर की रात एचसी जितेंद्र की ड्यूटी सीसीटीवी कैमरे के कंट्रोल रूम में थी। इस दौरान रात करीब 12 बजे जितेंद्र ने सीसीटीवी कैमरे से देखा कि रूम नंबर एस एक में एक बंदी हाथ में लोहे का सरिया लेकर इधर-उधर जा रहा है। इसकी सूचना उन्होंने अन्य को दी। जांच में पता चला कि बंदी हाथ में लोहे का सरिया लेकर बाथरूम और वार्ड के दरवाजे की ओर जा रहा था। उसके साथ एक और अन्य विचाराधीन कैदी भी दिखाई दिया। सूचना मिलते ही रात में सिटी थाने की टीम पहुंची। इसके बाद पुलिस कर्मचारियों ने पूरे मामले की जानकारी डिप्टी सीएमओ व सेंटर प्रभारी डॉ. हर्ष चौहान को दी। इस पर ऑनलाइन डॉ. हर्ष ने भी बंदियों की हरकत को देखा। सुबह तीन पुलिस कर्मचारियों को पीपीई किट पहनाई गई। इसके बाद डॉक्टर व अन्य स्टाफ भी पीपीई किट पहनकर वार्ड एस 1 व एस 2 में रूम की चेकिंग की। इसमें एस 1 रूम में दो लोहे का सरिये के टुकड़े मिले। इसमें एक छोटा व एक बड़ा था। एस 1 का बंदी रेवाड़ी जिले का है, आरोपी पर चोरी का केस माडल टाउन थाना रेवाड़ी में दर्ज है। दूसरा बंदी सदर थाना नारनौल पॉक्सो एक्ट में केस दर्ज है। पुलिस के अनुसार दोनों बंदी भागने कि नियत से बाथरूम में लगे हुए सरियों को निकालकर कमरे के दरवाजे को तोड़ने कि कोशिश की है। शिकायत पर सिटी थाना पुलिस ने दोनों बंदियों पर विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। मिली जानकारी के अनुसार अस्पताल की दीवार में थोडा सरिया बाहर निकला हुआ था। आरोपी ने प्लॉस्टर तोड़कर उसे निकाल लिया था। इससे गेट तोड़कर भागने की साजिश थी। बता दें कि कुछ दिन पहले की दो बंदी सेंटर के बाथरूम के एग्जास्ट फैन को निकालकर फरार हो गए थे। उन्हें दिल्ली से पकड़ा गया था। इससे पहले भी दो बंदी भाग चुके हैं। ऐसे में सेंटर की सुरक्षा को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है।