नारनौल। नए साल के पहले दिन शीतलहर व गलन वाली ठंड के लोग ठिठुरते नजर आए। वहीं वीरवार को बूंदाबांदी ने ठंड बढ़ा दी। इसके अलावा, सुबह घना कोहरा होने से 20 मीटर से भी कम दृश्यता रही। इससे वाहन भी रेंगते नजर आए।
मौसम विभाग का कहना है कि दो जनवरी के बाद तापमान जमाव बिंदू के पास पहुंच जाएगा। हालांकि, वीरवार को बारिश नहीं होने से किसान थोड़े मायूस जरूर दिखे क्योंकि इस सीजन में अभी तक बारिश नहीं हुई है। अगर दिसंबर की बात करें तो 18 साल बाद बारिश की गतिविधि देखने को नहीं मिली।
भारतीय मौसम विभाग ने संपूर्ण हरियाणा एनसीआर दिल्ली पर आरेंज अलर्ट जारी कर दिया है। यानी नया साल का स्वागत बारिश और कड़ाके की ठंड से होगा। नारनौल में वीरवार को 5.5 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया है।
मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों पर सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के असर से उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों पर बर्फबारी जारी है। मैदानी राज्यों विशेषकर हरियाणा एनसीआर दिल्ली में हल्की बारिश बूंदाबांदी ने संपूर्ण इलाके में मौसम के मिजाज को बदल दिया है।
हरियाणा एनसीआर दिल्ली में हालांकि रात्रि तापमान में हल्की बढ़त जबकि संपूर्ण इलाके में बादलों की आवाजाही और जबरदस्त तरीके से धुंध कोहरा देखने को मिला। जिसकी वजह से हरियाणा एनसीआर दिल्ली में अधिकतर स्थानों पर दिन के तापमान में भी गिरावट देखने को मिल रही है।
अलाव का सहारा लेते दिखे लोग
अभी तक दिन में अच्छी धूप निकलने से ठंड का असर कम देखने को मिल रहा था लेकिन वीरवार को शीतलहर की वजह से लोग अपने घरों व दुकानों के बाहर अलाव का सहारा लेते दिखे। मौसम विभाग ने भी आगामी दिनों में तापमान में गिरावट की संभावना जताई है।
बर्फीली हवाओं से गिरेगा अब तापमान
वीरवार रात को यह मौसम प्रणाली हरियाणा एनसीआर दिल्ली से आगे निकल जाएगी जिसकी वजह से उत्तरी बर्फीली सर्द हवाओं से दिन और रात का पारा लुढ़कने लगेगा। आने वाले दिनों में शीतलहर शीत दिवस और धुंध कोहरा संपूर्ण इलाके को अपने आगोश में समा लेगा क्योंकि पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से संपूर्ण इलाके में नमी की मात्रा में बढ़ोतरी हुई है। इससे दिन और रात के तापमान में गिरावट देखने को मिलेगी।
अधिकतम तापमान पहुंचा 16 डिग्री के पास
जिला महेंद्रगढ़ में अलसुबह बिखराव वाली हल्की बूंदाबांदी देखने को मिली। वीरवार को नारनौल का दिन और रात का तापमान क्रमश 5.5 व 16.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दिसंबर में तीन से चार बार ही पांच डिग्री के नीचे तापमान गया है जबकि बीते वर्ष दो डिग्री सेल्सियस के पास पहुंच गया था।