नारनौल। सीईटी के दूसरे दिन भी परीक्षार्थियों में उत्साह देखने को मिला। परीक्षार्थियों ने बताया कि वह सीईटी के लिए लंबे समय से तैयारी कर रहे थे। बताया कि गणित के प्रश्न कठिन थे। वहीं कुछ परीक्षार्थियों ने बताया कि प्रश्न पत्र सरल था।
परीक्षार्थियों ने बताया कि परिवहन व्यवस्था के लिए बनाई गई योजना बेहद कारगर रही और परीक्षा केंद्र तक पहुंचाने के लिए शटल बस का संचालन सराहनीय कदम है। क्योंकि अगर शटल बस का संचालन नहीं होता तो परीक्षा केंद्र ढूंढने में काफी समय लग जाता और परेशानी का सामना करना पड़ता। इसके अलावा रविवार को किसी प्रकार की जांच में भी परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा।
पहली बार प्रतियोगी परीक्षा में भाग लिया है। परीक्षा को लेकर नर्वस थी, लेकिन प्रश्न पत्र पढ़ने के बाद लगा की अधिकतर सवाल बेहतर तरीके से आते हैं। उम्मीद है कि सीईटी में चयन हो जाएगा।-पूजा, चरखी दादरी
लंबे समय से परीक्षा की तैयारी कर रहा था। सभी प्रश्नों को हल किया हूं। कुछ सवाल कठिन थे। उसने पहले उन सवालों को हल किया जो अच्छे से आते थे। शेष बचे समय में कठिन सवालों को हल किया।
विकास, चरखी दादरी
पहली बार प्रतियोगी परीक्षा में भाग लिया है। सहेली ने शनिवार को प्रथम शिफ्ट में परीक्षा दी थी। उससे परीक्षा के अनुभव के बारे में जाना और किन सवालों को पहले करना है और किन्हें बाद में उसके बारे में जानकारी ली। मुझे उम्मीद है मेरा चयन जरूर होगा।
मंजू, भिवानी
परिवहन विभाग की तरफ से बसों की बेहतर व्यवस्था की गई थी। विशेष तौर पर शटल बसों के संचालन ने परीक्षार्थियों को बहुत राहत दी। शटल बस से हम सुगमता से परीक्षा केंद्र पर पहुंच पाए।
सुरेखा, भिवानी