फोटो 5सुखा पड़ा शोभा सागर तालाब। संवाद
नारनौल। शहर की ऐतिहासिक धरोहरों में शामिल शोभा सागर तालाब की मरम्मत अब दूसरे चरण में शुरू होगी। इसपर करीब 3.78 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इससे तालाब को आधुनिक सुविधाओं के साथ नया स्वरूप दिया जाएगा। इससे न केवल क्षेत्र की सुंदरता बढ़ेगी बल्कि पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।
शोभा सागर तालाब पर सीताराम जी महाराज का मंदिर बना है। जहां कई देवी-देवताओं की मूर्तियां श्रद्धालुओं ने स्थापित की हैं। रोजाना सुबह को सैकड़ों श्रद्धालु आते हैं व देवी-देवताओं की पूजा-अर्चना करने के साथ ही पक्षियों को दाना डालते हैं।
पहले चरण में भी खर्च हो चुके हैं 3.60 करोड़
वर्ष 2025 में शोभा सागर तालाब के पहले चरण के पुनरुद्धार पर करीब 3.60 करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं। उस दौरान तालाब के सौंदर्यीकरण का कार्य किया गया था। हालांकि, पूर्ण विकास के लिए दूसरे चरण की आवश्यकता महसूस की गई।
17वीं शताब्दी की ऐतिहासिक धरोहर
शोभा सागर तालाब का निर्माण 17वीं शताब्दी में राय बाल मुकुंद ने करवाया था। यह तालाब ऐतिहासिक और सांस्कृतिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। समय के साथ इसकी स्थिति खराब होती गई लेकिन अब इसके पुनरुद्धार से इसे फिर से पुरानी पहचान दिलाने की कोशिश की जा रही है।
स्थानीय लोगों में खुशी का माहौल
राजकुमार, प्रवीण, योगेश का कहना है कि इससे क्षेत्र में पर्यटन बढ़ेगा जिससे छोटे व्यापारियों और युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे। साथ ही शहर की पहचान भी मजबूत होगी। तालाब के पास ही पार्क बना हुआ है जहां काफी संख्या में लोग घूमने आते हैं।
वर्जन:
शोभा सागर तालाब के पुनरुद्धार के लिए करीब 3.78 करोड़ रुपये का टेंडर जारी कर दिया गया है। पहले फेज में करीब 3.60 करोड़ रुपये में कार्य करवाया गया था। अब दूसरे फेज के लिए भी टेंडर जारी कर दिया गया है।
-जितेंद्र कुमार, एसडीओ, पीडब्ल्यूडी नारनौल