नारनौल। पिछले एक सप्ताह से मौसम में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। मंगलवार को उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों पर एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से जिले में आंशिक बादलवाही देखने को मिली। वहीं हवाओं की दिशा बदलने से वायु गुणवत्ता सूचकांक में भी आंशिक सुधार हुआ है। मंगलवार को शाम 4 बजे राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुसार नारनौल का वायु गुणवत्ता सूचकांक 275, अटेली 293, नांगल चौधरी का 297, कनीना 287, महेंद्रगढ़ 285 तथा सतनाली 280 रहा। वायु गुणवत्ता सूचकांक के अनुसार अभी भी जिला की आबोहवा खराब स्थिति में है। मगर दो-तीन की तुलना में कुछ सुधार दर्ज किया गया है।
मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि सोमवार को पिछली मौसम प्रणाली पश्चिमी हरियाणा एनसीआर दिल्ली से आगे निकल जाने से हवाओं की दिशा उत्तरी हो गई है। जिससे तापमान में गिरावट दर्ज हुई। वहीं मंगलवार को एक अन्य ताजा कमजोर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से पश्चिमी राजस्थान पर एक प्रेरित चक्रवातीय सर्कुलेशन बन गया है। उन्होंने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ के चलते 9-11 नवंबर के दौरान मैदानी राज्यों विशेषकर हरियाणा एनसीआर दिल्ली के उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में पर मौसम में बदलाव और आंशिक बादलवाही के साथ सीमित स्थानों पर हल्की बूंदाबांदी व बारिश की गतिविधियां देखने को मिलेगी।