फोटो संख्या:71- आर्य समाज मंदिर में हवन करते समाज के लोग--स्रोत- आयोजक
- फोटो : एनएचएआई अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी करते किसान। स्रोत संवाद
महेंद्रगढ़। आर्य समाज में बुधवार को देश के दो महान नायकों महाराणा प्रताप की जयंती और रानी लक्ष्मीबाई के बलिदान दिवस पर वैदिक हवन का आयोजन किया गया। कार्यक्रम वेद प्रचार मंडल जिला महेंद्रगढ़ के मुख्य संरक्षक डॉ. प्रेमराज आर्य के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। हवन में मुख्य उपदेशक डॉ. विक्रांत डागर रहे, जबकि यजमान वीर सिंह मेघनवास रहे।
आर्य समाज के प्रधान पंडित भूपेंद्र सिंह आर्य ने वेदमंत्रों के उच्चारण के साथ हवन संपन्न कराया। डॉ. प्रेमराज आर्य ने महाराणा प्रताप को शौर्य, त्याग और स्वाभिमान का प्रतीक बताया। डॉ. विक्रांत डागर ने रानी लक्ष्मीबाई के बलिदान को भारतीय स्वतंत्रता संग्राम का अमर अध्याय बताया।
इस अवसर पर वीर सिंह मेघनवास, रानी आर्या, डॉ. आनंद कुमार सुरजनवास, महेंद्र दीवान, किरोड़ी लाल आर्य और दीपक आर्य सहित सभी श्रद्धालुओं ने दोनों महापुरुषों के जीवन आदर्शों को अपनाने और राष्ट्रभक्ति के मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।