महेंद्रगढ़। हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय में शैक्षणिक सत्र 2025-26 के अंतर्गत दाखिला लेने वाले विद्यार्थियों के लिए सोमवार से पांच दिवसीय दीक्षारंभ कार्यक्रम की शुरूआत की गई। इस मौके पर कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार ने कहा कि ज्ञान जीवन को दिशा प्रदान करता है।
छात्र कल्याण अधिष्ठाता कार्यालय की ओर से आयोजित कार्यक्रम के पहले दिन स्कूल ऑफ इंटरडिसिप्लिनरी एंड एप्लाइड साइंसेज व स्कूल ऑफ बेसिक सांइसेज के स्नातकोत्तर कार्यक्रमों और एमटेक में पंजीकृत विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार ने कहा कि यह समय अपने जीवन की दिशा निर्धारित करने का है। विश्वविद्यालय आवश्यक शिक्षा व कौशल के विकास की दिशा में कार्यरत है।
कुलपति ने कहा कि हरियाणा वही धरती है, जहां भगवान श्रीकृष्ण ने गीता का उपदेश दिया था। काह कि शिक्षा जीवन भर जारी रहती है। अर्जित ज्ञान हमारे जीवन को दिशा प्रदान करने का कार्य करता है। विभिन्न स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों में अध्ययन करने वाले विद्यार्थी अवश्य ही अगले दो वर्षों में अपने जीवन के नए आयामों को प्राप्त करेंगे।
छात्र कल्याण अधिष्ठाता प्रो. रेनू यादव ने विश्वविद्यालय में उपलब्ध विभिन्न सुविधाओं, संसाधनों के बारे में बताया। प्रो. पवन कुमार शर्मा ने विद्यार्थियों के समक्ष भारत की परिकल्पना और भारत के निर्माण में युवाओं की भूमिका पर विस्तार से प्रकाश डाला।
कुलसचिव प्रो. सुनील कुमार ने कहा कि विश्वविद्यालय नियमों के अनुरूप निर्धारित व्यवस्था का अनुसरण करता है। इसलिए इसके संचालन में सहयोग प्रदान करें।
विश्वविद्यालय के वित्त अधिकारी डाॅ. विकास कुमार, प्रो. नीलम सांगवान, प्रो. पवन कुमार मौर्य, डाॅ. संतोष, डाॅ. नंद किशोर, प्रो. मोना शर्मा, डाॅ. रजत यादव व डाॅ. पूजा ने विश्वविद्यालय की विभिन्न सुविधाओं व उनकी कार्यप्रणाली से अवगत कराया।
आयोजन में उप-छात्र कल्याण अधिष्ठाता डाॅ. नीरज कर्ण सिंह तथा सहायक छात्र कल्याण अधिष्ठाता डाॅ. मुलाका मारूति व देवेंद्र राजपूत ने महत्वपूर्ण भूमिका अदा की।