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Mahendragarh-Narnaul News: दस साल में नारनौल में भूजल स्तर सुधरा, सतनाली में 17.06 मीटर नीचे पहुंचा

Fri, 29 Aug 2025 02:57 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
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नारनौल। जिले में डैम व जोहड़ों को नहरी पानी से भरने के बाद पहले की अपेक्षा भूजल स्तर में सुधार देखने को मिल रहा है। सिंचाई विभाग की ओर से जून में जारी प्री मानसून के डाटा के अनुसार नारनौल, नांगल चौधरी, सिहमा और निजामपुर में बीते वर्ष की तुलना में भूजल स्तर में सुधार देखने को मिला है। हालांकि सतनाली, महेंद्रगढ़, अटेली और कनीना में बीते वर्ष की तुलना में गिरावट दर्ज की गई है, जो चिंताजनक है।
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दस वर्ष में नारनौल में 12.38 मीटर भूजल स्तर में सुधार हुआ है, वहीं सतनाली में 17.06 मीटर नीचे पहुंच गया है। अटेली में दस साल में 17.02, कनीना में 11.9, महेंद्रगढ़ में 16.07, नांगल चौधरी में 8.55 मीटर गिरावट दस वर्ष में दर्ज की गई है। सिहमा में 1.44 और निजामपुर में 1.65 मीटर भूजल स्तर का सुधार हुआ है।

जिले के आठ ब्लॉकों में कुछ गांव ऐसे भी हैं जहां 100 मीटर से भी ज्यादा नीचे भूजलस्तर पहुंच चुका है। इनमें अटेली ब्लॉक के रामपुरा गांव में 112.3 मीटर भूजल स्तर है। 2024 की तुलना में करीब नौ मीटर भूजलस्तर में सुधार हुआ है।
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अटेली के ही महासर गांव का 20 मीटर भूजल स्तर एक साल में ही नीचे चला गया। इस वर्ष 107.95 तो बीते वर्ष जून माह में 86.8 मीटर दर्ज किया गया था। महेंद्रगढ़ ब्लॉक के निहालावास गांव का भूजलस्तर 2017 के बाद से ही 110 के ऊपर दर्ज किया जा रहा है।
2025 में 113.3 निहालावास का भूजल स्तर दर्ज किया गया है। वहीं नांगल चौधरी के बामनवास खेता, भुंगारका और बुढ़वाल में अभी भी 90 मीटर से ऊपर भूजल स्तर है, जो लगातार चिंता का विषय बना हुआ है। संवाद



सतनाली ब्लॉक के गांव बारडा में 106.4 मीटर भूजल स्तर पहुंच गया है, जो 2024 में 63 मीटर दर्ज किया गया था। सोहला गांव का 115 मीटर भूजल स्तर पहुंच गया है, जो 2024 में 67 मीटर दर्ज किया गया था। इसके अलावा नावां गांव में तेजी से नीचे भूजल स्तर गिर रहा है। वहां भी 94.1 मीटर रहा है, जो 2024 में 67 मीटर दर्ज किया गया था।



नूनीवाल में 6.9 मीटर, निहालावास में 113.3 मीटर पहुंचा भूजल स्तर



जिले में भूजल स्तर को लेकर अनियमितता बनी हुई। जिले में कहीं पीने योग्य पानी भी उपलब्ध नहीं है तो कुछ जगहों पर नहरी पानी आने से भूजल स्तर में काफी सुधार हुआ है। नारनौल ब्लाॅक के नूनीवाल गांव में भूजलस्तर 6.9 मीटर है, जो जिले में सबसे बेहतर है। वहीं महेंद्रगढ़ ब्लॉक के रामपुरा गांव में 113.3 मीटर भूजलस्तर पहुंच गया है, जो एक साल में ही करीब 36 मीटर भूजल स्तर की गिरावट देखने को मिली है।

जून में लिए गए डाटा के अनुसार भूजल स्तर की स्थिति



ब्लाॅक 2015 2021 2022 2023 2024 2025


अटेली 63.6 73.26 73.63 74.89 77.61 80.62


कनीना 27.11 31.88 32.47 36.91 37.53 39.01


महेंद्रगढ़ 43.04 51.08 51.53 55.84 58.95 59.11



नांगल चौधरी 46.16 45.68 46.28 53.58 54.83 54.71



नारनौल 50.16 50.72 50.22 44.33 40.69 37.78



सिहमा 36.42 40.23 40.07 40.0 40.21 34.98



निजामपुर 32.29 32.6 32.89 33.55 34.49 30.64



सतनाली 62.2 66.9 67.3 68.17 68.2 79.26




वर्जन


नारनौल, नांगल चौधरी और निजामपुर क्षेत्र में जोहड़ाें व डैम में नहरी पानी डालकर रिचार्ज किया जा रहा है। दोहान और कृष्णावती नदी में भी रिचार्जिंग के लिए पानी डाला जा रहा है। इसकी वजह से भूजल स्तर में सुधार हो रहा है।-राजेश वर्मा, एसडीओ सिंचाई विभाग नारनौल।
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