नारनौल। नारनौल डिपो कर्मचारियों ने 10 माह में 1500 हैप्पी कार्ड वितरित किए गए। वहीं अभी भी करीब एक हजार हैप्पी कार्ड बचे हैं। अगस्त 2024 तक आवेदन करने वाले सभी लोगों के हैप्पी कार्ड बनकर उनकी खेप अलग-अलग समय पर नारनौल डिपो पहुंची।
जानकारी के अनुसार हैप्पी कार्ड योजना मार्च 2024 में शुरू हुई थी मार्च 2024 से अगस्त 2024 तक हैप्पी कार्ड के लिए जिले भर से करीब एक लाख लोगों ने आवेदन किया था।
आखिरी खेप 6 नवंबर 2024 को नारनौल डिपो पहुंची। इसके बाद नारनौल डिपो पहुंचे एक लाख हैप्पी कार्ड में करीब 97500 हैप्पी कार्ड मार्च 2025 तक वितरित कर दिए गए थे लेकिन शेष बचे 2500 हैप्पी कार्ड लेने के लिए कई बार फोन करने के बाद भी आवेदक नहीं आए। इसके बाद कर्मचारियों ने गत 10 माह के दौरान घर-घर जाकर बचे हुए हैप्पी कार्ड वितरित किए।
50 रुपये का फेर और हैप्पी कार्ड लेने से मना
हैप्पी कार्ड योजना शुरू होने के बाद कई लोगों ने बच्चों के हैप्पी कार्ड के लिए भी आवेदन किया था। वहीं जब हैप्पी कार्ड को एक्टिव किया जाता है तो कार्ड धारक को 50 रुपये का भुगतान करना पड़ता है। इससे कई लोगों ने सिर्फ यह कहकर कार्ड लेने से मना कर दिया कि अगर निशुल्क देते हो तो कार्ड दे दो वरना पैसे नहीं है।
गलत मोबाइल नंबर बना परेशानी का सबब
आवेदन करते समय कुछ हैप्पी कार्ड पर गलत मोबाइल नंबर पंजीकृत थे। वहीं कुछ लोगों ने आवेदन करते समय जो नंबर दिए थे कुछ दिन बाद वो नंबर बंद कर दिए। जिस कारण हैप्पी कार्ड वितरित करते समय ओटीपी नहीं मिल पाने के कारण कार्ड वितरित नहीं किए जा सकें।
वर्जन :
घर-घर जाकर बचे हुए 1500 हैप्पी कार्ड वितरित किए गए हैं। वहीं शेष बचे हुए एक हजार हैप्पी कार्ड वितरण करने का कार्य भी किया जा रहा है। -ब्रह्मप्रकाश,सीआई,नारनौल डिपो