फोटो नंबर-08अनाज मंडी की रामलीला में राम-सुग्रीव मित्रता की लीला का मंचन करते कलाकार। संवाद
नारनौल। पुरानी अनाज मंडी स्थित श्री कृष्णा ड्रैमेटिकल क्लब के रंगमंच पर भगवान नारायण सेवा संस्था के सहयोग से हो रही रामलीला के दसवें दिन शुक्रवार रात शबरी मिलन, सुग्रीव मित्रता और बाली वध की लीलाओं का मंचन हुआ। कलाकारों के जीवंत अभिनय ने दर्शकों का मन मोह लिया।
कार्यक्रम की शुरुआत समाजसेवी आयुष मित्तल ने गणेश पूजन करके की। मंच संचालन भारत भूषण तायल और रतन लाल भास्कर ने किया।
संस्था के प्रवक्ता सुरेंद्र जैन ने बताया कि मंचन में दिखाया गया कि सुग्रीव के कहने पर हनुमान जी ब्राह्मण का वेश धारण कर वन में भगवान राम और लक्ष्मण से मिलते हैं। बातचीत के बाद वे दोनों भाइयों को सुग्रीव के पास ले जाते हैं, जहां राम और सुग्रीव की मित्रता होती है। सुग्रीव अपना दुख बताते हैं, तब श्रीराम उन्हें बाली को युद्ध के लिए ललकारने को कहते हैं।
युद्ध के दौरान श्रीराम एक ही बाण से बाली का वध कर देते हैं। बाली अपने पुत्र अंगद का हाथ श्रीराम को सौंपकर प्राण त्याग देता है। इसके बाद हनुमान, जामवंत और अंगद सहित सुग्रीव की सेना माता सीता की खोज में निकल पड़ती है। यहीं पर रात की रामलीला को विराम दिया गया।