जिले में ठंड व कोहरे का कहर जारी है। तीन दिन से तापमान एक डिग्री के आसपास रहने से किसान अपनी फसलों के लेकर चिंतित हैं। तापमान एक डिग्री के पास रहेगा तो सरसों की अगेती फसल में नुकसान की संभावना है। सोमवार को भी न्यूनतम तापमान 1.5 डिग्री दर्ज किया गया। जबकि अधिकतम तापमान में रविवार के मुकाबले एक डिग्री की बढ़ोतरी के साथ 12 डिग्री सेल्सियस रहा।
देश के उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में लगातार ठंड का कहर बढ़ता जा रहा है। जिला दोपहर तक कोहरे की चादर में लिपटा रहता है। जिससे लोगों को दिनभर ठंड के मारे कंपकंपी छूटती रहती है। करीब दो सप्ताह से 3 से 4 घंटे सूर्यदेव के दर्शन हो पाते है। ठंड में सबसे ज्यादा बेसहारा पशुओं को मार झेलनी पड़ रही है। बेसहारा पशुओं के लिए पेड़ पौधे ही सहारा होते है, लेकिन कोहरे के कारण पेड़ पौधों पर ओस की बूंदे टपकती रहती है।
रेंगते हुए चले वाहन
सुबह के समय घना कोहरा होने के कारण वाहन लाइट जलाकर रेंगते हुए चल रहे थे। सुबह के समय पारदर्शीता बहुत कम होने के कारण हादसे का अंदेशा बना रहता है। वाहन चलाते समय पीछे रिफ्लेक्टर लगाकर चलना चाहिए। वहीं बाजारों मं चहल कदमी और दिनों की तुलना में काफी कम रही। शिक्षा विभाग द्वारा स्कूलों का अवकाश घोषित किए जाने पर छोटे बच्चों व उनके अभिभावकों ने राहत की सांस ली है। मौसम विभाग का कहना है कि एक-दो दिन में मौसम में बदलाव की संभावना है।