नारनौल। रबी फसल की बिजाई से पूर्व किसानों में खाद के लिए मारामारी देखने को मिल रही है। सुबह खरीद केंद्र खुलने से पहले ही निर्धारित स्थानों पर पहुंचकर लाइनों में लग जाने के बाद भी किसानों को पर्याप्त खाद उपलब्ध नहीं हो पा रही है। शुक्रवार को पुरानी अनाज मंडी स्थित कोऑपरेटिव सोसायटी में कर्मचारियों द्वारा खाद के बैग के साथ अलग से नैनो यूरिया बोतल देने पर किसानों ने हंगामा खड़ा कर दिया। इस पर कर्मचारियों को पुलिस व कृषि अधिकारी को बुलाना पड़ा। कृषि अधिकारी द्वारा बिना कैमिकल की बोतल ही खाद देने की बात कहकर किसानों को शांत करवाया। इसके बाद किसानों को खाद का वितरण किया गया।
रबी फसल की बिजाई से पूर्व किसान खेतों में डीएपी खाद की बोआई करने में जुटे हुए है। इसके चलते खाद की डिमांड बढ़ गई है, मगर किसानों को खरीद केंद्रों पर पर्याप्त खाद नहीं मिल पा रही है, जबकि किसान खाद के लिए सुबह से ही बिक्री केंद्रों पर लाइन लगाकर खड़े हो जाते हैं। पुरानी अनाज मंडी स्थित कोऑपरेटिव सोसायटी में पिछले 10-15 दिन के दौरान 4500 के करीब खाद के बैग वितरित किए जा चुके हैं। शुक्रवार को पांच दिन बाद केंद्र पर 600 खाद के बैग पहुंचे। जहां किसानों को खाद बैग के साथ यूरिया नैनो कैमिकल की बोतल भी दी गई। इसको लेकर किसानों ने विरोध करते हुए हंगामा कर दिया। इसके बाद कृषि विभाग से एसडीओ संजय कुमार मौके पर पहुंचे और किसानों को बिना बोतल के खाद का वितरण शुरू करवाकर उन्हें शांत किया।
फसल में स्प्रे करने के काम आता है
कैमिकल
खाद कंपनी द्वारा खाद के साथ दी जा रही नैनो यूरिया की बोतल फसल में स्प्रे करने के काम आती है। किसानों को खाद के अलावा 225 रुपये प्रति बोतल अलग से देना पड़ेगा। वहीं किसानों द्वारा नैनो कैमिकल नहीं लेने पर सोसाइटी को नुकसान उठाना पड़ेगा।
किसानों को खाद के साथ जबरदस्ती स्प्रे कैमिकल देना किसी भी तरह से सही नहीं है, जो किसान इसे लेना चाहता है वह ले सकता है। सभी पर इसकी अनिवार्यता नहीं होनी चाहिए। -विनोद कुमार।
किसान पहले ही अपने बाजरे को समर्थन मूल्य पर बेच नहीं पा रहा है। ऊपर से अब किसानों को खाद के साथ अन्य वस्तुएं देकर उन्हें आर्थिक रूप से परेशान किया जा रहा है। -होशियार सिंह।
सरकार व प्रशासन को चाहिए कि किसानों को पर्याप्त खाद उपलब्ध करवाए। न कि किसी प्रकार की शर्त लगाकर उन्हें परेशान किया जाए। -कबूल सिंह।
खाद कंपनी द्वारा खाद बैग के साथ नैनो कैमिकल की बोतल देने का कुछ किसानों ने विरोध जताया था। इस पर उन्होंने बिना कैमिकल बोतल के साथ किसानों को यूरिया खाद वितरित किया। सोसाइटी द्वारा प्रति किसान तीन खाद के बैग दिए जा रहे हैं। सोसाइटी पर नियमित रूप से खाद का वितरण किया जा रहा है। -रोशन लाल, प्रबंधक, कोऑपरेटिव सोसाइटी, नारनौल।