नारनौल। नांगल काठा के पूर्व सरपंच पर गबन का केस दर्ज हुआ है। पूर्व सरपंच लीलावती के कार्यकाल में 2010 से 2015 तक ऑडिट नोट में रिकाॅर्ड अनुसार लाखों रुपये का गबन करने की शिकायत दी गई थी।
बताया गया कि एक ही कार्य की दो-दो बार राशि जारी की गई थी। इसके बाद पूर्व सरपंच के गबन के मामले में अतिरिक्त उपनिदेशक (पंचायत लेखा) स्थानीय लेखा परीक्षा हरियाणा की रिपोर्ट का अवलोकन करने उपरांत पाया कि सरपंच लीलावती पर लगे गबन के आरोप सही हैं।
अतिरिक्त उपायुक्त एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद नारनौल ने पत्र क्रमांक परिवाद-2022/10699 आठ फरवरी 2022 के माध्यम से प्रस्तुत जांच रिपोर्ट तथा खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी नारनौल के पत्र क्रमांक 4238 दिनांक 31 जनवरी 2022 के माध्यम से प्रस्तुत बिंदुवार रिपोर्ट में भी गबन होना पाया गया है।
इसके बाद हरियाणा पंचायती राज अधिनियम के तहत 21 प्रतिशत ब्याज सहित वसूली करने की और यदि उक्त भूतपूर्व सरपंच से किसी कारणवश वसूली नहीं हो तो संबंधित भूतपूर्व सरपंच लीलावती के विरुद्ध नियमानुसार मामला दर्ज करने के बारे में आदेश दिए गए थे।
इसके बाद खंड कार्यालय के पत्र क्रमांक 1253 दिनांक एक अगस्त 2022 व पत्र क्रमांक 1388 दिनांक 17 अगस्त 2022 भूतपूर्व सरपंच लीलावती द्वारा उक्त राशि जमा नहीं करवाई गई। बता दें कि नांगल काठा के मुरलीधर यादव ने पूर्व सरपंच लीलावती के विरुद्ध शिकायत दी थी।
इस पर उप-निदेशक (पंचायत लेखा) स्थानीय लेखा परीक्षा हरियाणा जींद के ऑडिट पैरा अनुराग ढालिया अतिरिक्त उपायुक्त एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद नारनौल के कार्यालय के पत्र क्रमांक 2903/पंचायत दिनांक 19 जुलाई 2025 की जांच रिपोर्ट, उपमंडल अधिकारी (ना.) नारनौल के कार्यालय के पत्र क्रमांक 3687/ स्टैनों 30 जून 2025 द्वारा भेजी गई जांच रिपोर्ट व जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी नारनौल के कार्यालय के पत्र क्रमांक 3311/पंचायत 11 जुलाई 2025 की अनुपालना में ग्राम पंचायत नांगल काठा का प्रस्ताव नंबर एक दिनांक 17 जुलाई 2025 व उक्त जांच रिपोर्ट के आधार पर पूर्व सरपंच पर मामला दर्ज किया गया है।