फोटो -64 हेकेंवि में बना हॉस्टल। संवाद
महेंद्रगढ़। महेंद्रगढ़ में 20 वर्षों में विश्वविद्यालयों और निजी शिक्षण संस्थानों की संख्या बढ़ने के साथ विद्यार्थियों के रहने की जरूरत भी बढ़ी। यही वजह है कि शहर में अब 40 से अधिक हॉस्टल और पीजी संचालित हो रहे हैं जबकि करीब 20 साल पहले इनकी संख्या महज चार थी।
मंगलवार को शहर के विभिन्न हॉस्टल और पीजी की पड़ताल की गई। इस दौरान अधिकांश जगहों पर रहने की व्यवस्था संतोषजनक मिली। बस स्टैंड के पास, विश्वविद्यालय से तुलाराम चौक, सतनाली चौक, चामधेड़ा रोड, जांट, बुचौली रोड और रामलीला भवन के आसपास बड़ी संख्या में पीजी और हॉस्टल मिले। कई शिक्षण संस्थान अपने हॉस्टल भी चला रहे हैं।
गांव खातोद स्थित आरपीएस स्कूल के हॉस्टल में लड़के और लड़कियों के लिए अलग विंग हैं। करीब 20 साल पहले 10 विद्यार्थियों की क्षमता से शुरू हुआ यह हॉस्टल अब एक हजार विद्यार्थियों की क्षमता तक पहुंच गया है। फिलहाल सभी कमरे विद्यार्थियों से भरे हैं।
हकेंवि में भी बेहतर सुविधाएं
हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय में चार हॉस्टल हैं जिनकी क्षमता करीब तीन हजार विद्यार्थियों की है। वर्तमान में करीब दो हजार विद्यार्थी यहां रह रहे हैं। लड़के और लड़कियों के लिए अलग हॉस्टल हैं। विद्यार्थियों को मेडिकल सुविधा, जिम, फिटनेस सेंटर, काउंसिलिंग और मेंटल हेल्थ सेंटर की सुविधा भी मिल रही है।
पीजी में भी रहने की बेहतर व्यवस्था
सतनाली मोड़ स्थित एक पीजी में भी व्यवस्था ठीक मिली। यहां नौकरीपेशा लोगों के साथ बाहरी विद्यार्थी रह रहे हैं। नए भवन में रहने के साथ भोजन और अन्य जरूरी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जा रही हैं।