नारनौल। एक मजदूर के घर में साल 2002 में जन्मे अंकित का बचपन से ही आर्मी में भर्ती होने का सपना था। दादा जी के किस्से व कहानियां सुनकर अंकित ने ये तो ठान लिया कि आर्मी में जाना है लेकिन ये सफर कैसे और कहां से तय करना है इसकी समझ नहीं थी।
12वीं करते ही पिता की जिद पर आईटीआई के शीट मैटल ट्रेड में दाखिला ले लिया और यहीं से वो राह मिली जिसे अंकित अभी तक ढूंढ़ रहा था। अंकित ने बताया कि अनुदेशक हरीश दहिया कहा कि उसे आर्मी में भर्ती होना है और आईटीआई करके क्या वह ऐसा कर सकता है। तब उन्होंने बताया कि नेवी अप्रेंटिस पर आईटीआई से पास आउट बच्चों को एक साल के लिए टेक्निकल जॉब पर रखती है।
साल भर बाद वहां से मिलने वाले अनुभव प्रमाण पत्र के आधार पर आर्मी में निकलने वाले टेक्निकल पदों की भर्ती में वह शामिल हो सकता है।अपने गुरु की बात सुनकर मानों अंकित के सपने को पंख लग गए हों और उसने मेहनत से पढ़ाई शुरू की और हरीश दहिया ने भी पूरा साथ दिया। परिणाम स्वरूप 2023 में अंकित ने अच्छे अंकों से परीक्षा उत्तीर्ण की।
इंसेट
नेवी में की एक साल नौकरी
19 अगस्त 2024 को अंकित की अप्रेंटिस पर नेवल डॉकयार्ड मुंबई में फेब्रिकेशन डिपार्टमेंट में नौकरी लगी। साल भर यहां नौकरी करने के दौरान आर्मी के टेक्निकल डिपार्टमेंट में ईएमई (इलेक्ट्रॉनिक्स एंड मैकेनिकल इंजीनियर्स) के एक पद के लिए भर्ती निकली। अंकित ने इस पद के लिए आवेदन कर दिया। साल जुलाई में इस पद के लिए जबलपुर एमपी में परीक्षा आयोजित की गई। परीक्षा पास करने के बाद उसे इंटरव्यू के लिए बुलाया गया। ये भी क्लीयर करने के बाद उसका स्क्रीन टेस्ट लिया गया। इसमें भी पास होने के बाद अब जॉइनिंग होनी बाकी है।