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कृषि कानून बिल किसानों के हित में, विपक्ष कर रहा ओछी राजनीति : जेपी दलाल

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नारनौल। जिस तरह से प्रदेश में इन दिनों खेती करने वाले किसानों का मुद्दा गरमाया हुआ है उसे नकारते हुए जिला महेंद्रगढ़ के किसानों ने कृषि कानून बिल का जिस गंभीरता से समर्थन किया है इसके लिए वे बधाई के पात्र हैं। कृषि कानून वास्तव में सरकार द्वारा किसानों के हितों में लाया गया है, परंतु विपक्ष इसमें अपनी ओछी राजनीति कर रहा है और किसानों को बरगला रहा हैं।
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यह बात सोमवार को निजामपुर रोड बाईपास पर एक निजी होटल में आयोजित भाजपा जिला पदाधिकारी एवं कार्यकारिणी की बैठक को संबोधित करते हुए कृषि मंत्री जेपी दलाल ने व्यक्त किए। इस बैठक में डिप्टी स्पीकर रणबीर गंगवा, प्रदेश प्रभारी विजयपाल आहलुवालिया, प्रदेश उपाध्यक्ष संतोष यादव, जीएल शर्मा, पूर्व मंत्री प्रो. रामबिलास शर्मा व अटेली विधायक सीताराम यादव आदि उपस्थित रहे।
कृषि मंत्री जेपी दलाल ने कहा कि मुख्यमंत्री मनोहरलाल ने जितने भी कार्य किए उसमें आम जनता व किसानों का पूरा ध्यान रखा गया। कांग्रेस राज में बिजली की भारी समस्या रहती है। हमने प्रदेश के पांच हजार से ज्यादा गांवों में 24 घंटे बिजली देकर एक बड़ी उपलब्धि हासिल की। पहले गरीब की नौकरियां छीन ली जाती थी आज योग्यता के आधार पर सभी वर्ग को नौकरियां मिल रही है। कृषि कानून बिल पर बोलते हुए कृषि मंत्री ने कहा कि मैं प्रदेश के सभी जिलों में जाता हूं और वहां कार्यकर्ताओं से कहता हूं कि वे इस कृषि कानून बिल को लेकर जहां भी चौक पर, चौपाल पर या चार आदमी में कहीं भी बैठे तो इसकी चर्चा करें और अपना पक्ष मजबूती के साथ रखे। उन्होंने कहा कि यह पहली सरकार है जिसने किसान की लागत कम करके पैदावार ज्यादा करने पर ध्यान दिया है। उन्होंने कहा कि डीएपी का भाव 2014 में 1125 था वह 2021 में 1200 रुपये है। उन्होंने कहा कि हमारे आगे आंदोलन करने वाले कांग्रेसी एक बात का भी जवाब नहीं दे सकते कि वे किस रूप में किसान हितैषी है। कृषि मंत्री ने कहा कि किसानों को प्रदर्शन करना है तो पंजाब में जाकर करें जहां गन्ने का भाव 30 रुपये कम है और राजस्थान में करें जहां बाजरा हमारे से आधे रेट में मिलता है। उन्होंने कहा कि 2005 से 2014 तक 6,06,125 मीट्रिक टन बाजरे का उत्पादन था जो 2015 से 21 तक 13,13,824 उत्पादन हुआ यह 116.76 प्रतिशत अधिक रहा। सरसों का 2005 से 14 तक 7.68 लाख मीट्रिक टन था जो 2014 से 21 तक 16.69 मीट्रिक टन रहा तथा 117.32 प्रतिशत अधिक खरीद की है। इसी तरह मक्का 2005 से 14 तक कोई खरीद नहीं थी जबकि 14 से 21 तक 4191 मीट्रिक टन खरीद की गई। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने किसानों को समृद्ध करने के लिए 11.71 लाख किसानों को छह हजार रुपये की राशि के हिसाब से कुल 2594 करोड़ रुपये दिए। बागवानी को बढ़ावा देने के लिए बागवानी विश्वविद्यालय की स्थापना की गई। किसानों के पशुओं का बीमा कर 24 करोड़ रुपये क्लेम के दिए गए और किसानों को पशु किसान क्रेडिट कार्ड बांटे गए। पूर्व मंत्री रामबिलास शर्मा ने कहा कि पार्टी में कार्यकर्ताओं के सम्मान व जिले में विकास के लिए किसी प्रकार की कोई कमी नहीं रहने दी जाएगी। इसके अलावा प्रदेश उपाध्यक्ष संतोष यादव ने महिलाओं को सशक्त बनाने पर अपने विचार रखे तथा जीएल शर्मा, प्रदेश प्रभारी विजयपाल आहलुवालिया तथा अटेली विधायक सीताराम यादव ने भी सरकार की नीतियों को आमजन तक पहुंचाने का आह्वान किया। इस मौके पर पार्टी के अनेक वरिष्ठ नेता, पदाधिकारी तथा कार्यकर्ता मौजूद रहे।
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