अमर उजाला ब्यूरो
महेंद्रगढ़। महेंद्रगढ़ सम्मान संघर्ष समिति ने प्रदेश के शिक्षामंत्री रामबिलास शर्मा के पुतले को चूडियां पहना कर खड़ा दिया है। समिति के सदस्यों ने सरकार को सदबुद्घि के लिए धरना स्थल पर हवन यज्ञ भी किया। सदस्यों ने कहा कि जिला मुख्यालय महेंद्रगढ़ में न होने के लिए यहां के जनप्रतिनिधि जिम्मेदार हैं।
संघर्ष समिति ने जिला मुख्यालय महेंद्रगढ़ में बनवाने की मांग को लेकर 30 नवंबर से लघु सचिवालय परिसर के बाहर धरना दे रही है। समिति के सदस्यों ने शुक्रवार को विरोध का अनूठा तरीका अपनाया। समिति सदस्यों ने प्रदेश के शिक्षामंत्री रामबिलास शर्मा का पुतला तैयार किया। पुतले के उपर के हिस्से मुंह पर शिक्षामंत्री का फोटो चस्पा किया। पुतले के दोनों हाथों में चूड़ियां पहना दी। कुछ चूड़ियां पुतले के गले में लटकाई और पुतले पर रामबिलास मुर्दाबाद लिखा। शनिवार दोपहर को समिति के सदस्यों ने धरना स्थल पर हवन यज्ञ किया। समिति के सदस्यों ने कहा कि सरकार-प्रशासन की सद्बुद्घि के लिए यह हवन में आहुति डाली।
समिति सदस्य कुलदीप यादव ने कहा कि पुतले को चूड़ी पहनाने का मकसद यह दिखाना है कि हमारा जनप्रतिनिधि कमजोर है। मंत्री ने चूड़ियां पहन ली हैं। इस क्षेत्र के लिए शिक्षामंत्री नाकारा साबित हो रहे हैं। पिछले चार साल से केंद्र तथा प्रदेश में सरकार होने के बावजूद मंत्री अब तक महेंद्रगढ़ जिला मुख्यालय की आवाज नहीं उठा पा रहे। समिति सदस्य विनोद तंवर पाली ने कहा कि हवन में आहुति डालकर सरकार की सद्बुद्घि मांगी है। सरकार-प्रशासन को जल्द से जल्द सद्बुद्घि आए। सरकार महेंद्रगढ़ में जिला मुख्यालय बनाए।
इस मौके पर संजय राव, बोधाराम, रंग राव सिंह, कप्तान बोहतराम, सीबी दीक्षित, राजकुमार शेखावत, धर्मबीर झूक, रविंद्र तंवर झगड़ौली , गुरदयाल, जगदीश, पवन देव, आशाराम, गुलशन तंवर, दिनेश तंवर, सुुनील तंवर, इंद्रजीत आर्य, बनवारीलाल, राजबीर, एडवोकेट शमशेर, अमर सिंह सहित अन्य उपस्थित थे।