नारनौल। फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट (पॉक्सो एक्ट) नारनौल ने नाबालिग बच्ची से दुष्कर्म आरोपी बिहार के जिला सीतामढ़ी के निवासी अर्जुन को दोषी करार देते हुए उसे 20 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने 50,000 रुपये के जुर्माने की सजा भी सुनाई है।
न्यायालय के आदेशानुसार जुर्माना अदा न करने की स्थिति में दोषी को 5 महीने की अतिरिक्त साधारण कारावास की सजा काटनी होगी। मामले की सुनवाई अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश केपी सिंह की कोर्ट में हुई।
घटना साल 2020 मार्च माह में महेंद्रगढ़ क्षेत्र में घटित हुई थी। घटना वाले दिन दोपहर के समय जब बच्ची अपने कमरे के बाहर खेल रही थी, तभी सामने के कमरे में किरायेदार के रूप में रहने वाले अर्जुन मासूम को बहला-फुसलाकर अपने कमरे में ले गया और उसके साथ दुष्कर्म किया।
बच्ची के रोने की आवाज सुनकर जब उसकी मां वहां पहुंची, तो दोषी ने बच्ची को कमरे से बाहर निकाल दिया। बच्ची की तबीयत बिगड़ने और उसके द्वारा अपने साथ हुई ज्यादती बताने के बाद, पीड़िता की मां ने तुरंत पुलिस को इसकी सूचना दी।
मामले में महेंद्रगढ़ पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उसी दिन एफआईआर दर्ज कर पॉक्सो एक्ट की धारा 6 के तहत मामला दर्ज किया। पुलिस टीम और जांच अधिकारियों ने इस मामले में तत्परता से जांच करते हुए सभी जरूरी साक्ष्य और सबूत जुटाए और अदालत में चालान पेश किया।