एचटेट परीक्षा : जाम ने लिया शहर का इम्तिहान
महेंद्रगढ़/नारनौल। शहर में रविवार को एचटेट लेवल 2 (टीजीटी) और लेवल 1 (पीआरटी) की परीक्षा होने के कारण नेशनल हाईवे पर दिनभर जाम की स्थिति रही। रूटीन के सात हजार सहित लगभग 12 हजार वाहन जिले में विभिन्न मार्गों पर लगे जाम में फंसे थे। अधिकतर परीक्षार्थी अपने निजी वाहनों से ही आए थे। जाम में फंसे परीक्षार्थी गाड़ी को छोड़कर पैदल ही परीक्षा भवन को दौड़ गए। इस दौरान कुछ परीक्षार्थी 15 से 20 मिनट देरी से पहुंचे किंतु स्टाफ वालों ने उनकी मजबूरी समझकर उन्हें बैठने की अनुमति दे दी थी।
नेशनल हाईवे सुबह 9 बजे से शाम छह बजे तक जाम रहा। इस दौरान वाहन रेंग-रेंगकर निकल रहे थे। जिले में सतनाली चौक, सतनाली रोड, तुलाराम चौक, कुराहवटा रोड, बस स्टैंड, माजरा चुंगी रोड, रेवाड़ी रोड, महाबीर चौक, महेंद्रगढ़ रोड पर जाम लगा रहा। सुबह के सत्र की परीक्षा खत्म होने के बाद हालात ज्यादा बिगड़ गए। वाहन चालक आगे जाने के चक्कर में गाड़ियों को फंसा रहे थे। किंतु पुलिस ने ट्रैफिक व्यवस्था को पूरे दिन संभाला रखा। तुलाराम चौक पर कनीना डीएसपी विनोद कुमार, महेंद्रगढ़ डीएसपी सतेंद्र कुमार, थाना प्रभारी रमेश कुमार, एएसआई गुणपाल सहित 15 जवान तैनात थे। डीएसपी और थाना प्रभारी आठ घंटे तुलाराम चौक पर जमे रहे। इस दौरान पुलिस अधीक्षक कमलदीप गोयल ने तुलाराम चौक के अलावा केंद्रों पर जाकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
सुबह 40 मिनट देरी से शुरू हुई एंट्री
सुबह के सत्र में कुछ केंद्रों पर परीक्षार्थियों की एंट्री 40 मिनट देरी से शुरू हुई। एंट्री का समय सुबह 7.50 बजे का था, लेकिन 8.30 बजे शुरू हुई। इस दौरान कुछ परीक्षार्थियों ने इसका विरोध भी किया किंतु स्टाफ वालों का कहना था कि आदेश आने के बाद ही एंट्री शुरू की जाएगी। परीक्षार्थी सुबह सात बजे ही परीक्षा केंद्रों पर पहुंच चुके थे सुबह शीत लहर और ठंड से युवती कांप रही थीं। इस दौरान महिलाओं ने आग जलाकर सेक किया।
46 केंद्रों पर 17198 विद्यार्थियों ने दी परीक्षा
रविवार को जिले के 46 केंद्रों पर 17198 विद्यार्थियों ने परीक्षा दी। इनमें 31 परीक्षा केंद्र महेंद्रगढ़ और 15 नारनौल में बनाए गए थे। सुबह 10 से 12.30 बजे लेवल 2 की परीक्षा आयोजित की गई थी। लेवल 1 की परीक्षा 3 से 5.30 बजे तक आयोजित की गई। दोनों ही सत्र की परीक्षा शांतिपूर्ण संपन्न हुई । लेवल 2 की परीक्षा में 9625 विद्यार्थियों ने भाग लिया जबकि लेवल 1 में 7573 विद्यार्थियों ने भाग लिया।
सुरक्षा के थे पूरे इंतजाम
जिला विभाग की ओर से एचटेट की परीक्षा के लिए पूरे इंतजाम किए हुए थे। पुलिस कर्मी हर जगह मुस्तैद नजर आए। परीक्षा को नकल रहित करवाने के लिए 350 पुलिसकर्मी तैनात किए हुए थे। शिक्षा विभाग ने नकलचियों को पकड़ने के लिए 31 ऑब्जर्वर और 13 उड़नदस्ते लगाए हुए थे। ऑर्ब्जवर पूरे ढाई घंटे केंद्रों पर जमे हुए थे। जिला उपायुक्त गरिमा मित्तल, एडीसी धर्मेंद्र सिंह, महेंद्रगढ़-नारनौल एसडीएम, जिला शिक्षा अधिकारी मुकेश लावनिया के अलग उड़नदस्ते थे।
वीडियोग्राफी में खोले पेपर
एचटेट की पेपर की लाने ले जाने, खोलने और बंद करने तक की पूरी वीडियो रिकार्डिंग की गई। सुरक्षा की दृष्टि से पेपर को संदूूक में बंद कर ले जाया गया और संदूक को दो ताले लगाए गए थे। पेपर में लाने और ले जाते समय पुलिस की गारद भी साथी थी। केंद्रों के अंदर और बाहर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए थे। केंद्र के प्रत्येक कमरे में जैमर लगाए हुए थे जिस कारण अंदर मोबाइल सेवा ठप रही।
आभूषण निकालने पर ही दी एंट्री
एचटेट की परीक्षा देने आई युवतियों को आभूषण निकालने पर ही अंदर घुसने दिया। इस दौरान दो तीन केंद्रों पर महिलाओं की बहस भी हुई किंतु आभूषण निकालने के बाद ही उनकी एंट्री की गई। इसके अलावा पैरों से जुराब, पायल, मंगल कामना के लिए पहने गए धागे भी तुड़वा दिए गए।
परीक्षा के दौरान किसी प्रकार की कोई परेशानी नहीं हुई। चेकिंग का प्रोसेस ज्यादा लंबा था। मैंने लेवल 2 की परीक्षा दी है। पेपर 60 प्रतिशत पेपर आसान था। 20 प्रतिशत औसत और 20 प्रतिशत मुश्किल था।
-ममता चांगरोड़।
परीक्षा के लिए तीन महीने से भी अधिक समय से तैयारी कर रही थी। मैंने लेवल 2 का पेपर दिया है। पेपर हद तक आसान था। परीक्षा भवन में तो कोई दिक्कत नहीं हुई, लेकिन औरत की शृंगार की वस्तुएं उतरवाना है वो गलत है।
-नीतू, खेड़ी