अमर उजाला ब्यूरो
महेंद्रगढ़। दोहान नदी स्थित मोदाश्रम मंदिर परिसर में 212वें मेले का आयोजन किया गया। इसमें 51 से 21000 रुपये तक की कुश्ती हुई। इसमें मुख्य अतिथि शिक्षामंत्री प्रो. रामबिलास शर्मा थे। अध्यक्षता मोदाश्रम प्रधान बच्चन सिंह ने की। मेले में हजारों की संख्या में शिवभक्तों ने भगवान चंद्रमोली का जलाभिषेक किया। वीरवार रात से ही मेले में डाक कांवड़, झूला कांवड़, बैठी कांवडे़ं मंदिर में चढ़नी आरंभ हो गई थीं। श्रद्धालुओं ने शिवलिंग पर कांवड़ चढ़ाकर अपनी मन्नतें मांगी। इस अवसर पर भंडारे का भी आयोजन किया गया। शुक्रवार सुबह मेले में श्रद्धालुओं की जलाभिषेक के लिए लंबी कतार लग गई। मोदाश्रम के कार्यकर्ताओं ने भगवान शिव के दर्शन के लिए व्यवस्था की हुई थी। मेले में कुश्ती दंगल भी हुआ। इस मौके पर शिक्षामंत्री प्रो. रामबिलास शर्मा ने बताया कि मेले हमारी सभ्याता और संस्कृति के प्रतीक हैं। उन्होंने बताया कि दोहान नदी का यह मंदिर प्राचीन मंदिर है। मंदिर मेें तड़के चार बजे से ही भगवान चंद्रमोली को जल चढ़ाने के लिए महिला, पुरुष श्रद्धालुओं की कतारें लग गई थीं। श्रद्धालुओं को जलाभिषेक करने के लिए घंटों लाइन में खड़ा रहना पड़ा। महिलाओं ने भगवान चंद्रमोली पर बेल पत्थर, फल, फूल चढ़ाकर मन्नतें मांगी।
सुरक्षा व्यवस्था के थे पुख्ता इंतजाम
मोदाश्रम मंदिर परिश्रम में चेन स्नेचिंग की घटनाओं से बचने एवं शरारती तत्वों को पर निगाहें रखने के लिए सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम थे। मंदिर परिसर में 16 कैमरे लगे हुए थे। जगह-जगह पर पुलिस खड़ी हुई थी। लगभग 50 पुलिस कर्मचारी शरारती तत्वों पर नजर रखे हुए थे। इसके अलावा मोदाश्रम कार्यकर्ता भी मेले में को सफल बनाने में अपना सहयोग कर रहे थे।