बाबैन। महिला दिवस केवल जश्न मनाने का दिन नहीं बल्कि यह समाज को याद दिलाने का अवसर भी है कि महिलाओं के बिना कोई भी समाज पूर्ण नहीं हो सकता। समाज में महिलाओं के योगदान को पहचानना और उनका सम्मान करना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। पूर्व सांसद कैलाशो सैनी महिला दिवस पर निजी स्कूल में पत्रकारों से बातचीत कर रही थी।
उन्होंने कहा कि महिलाएं शिक्षित, सुरक्षित और आत्मनिर्भर होंगी तो समाज तेजी से आगे बढ़ेगा। महिलाएं समाज की रीढ़ होती हैं। वे परिवार में मां, बहन, बेटी और पत्नी के रूप में अनेक जिम्मेदारियां निभाती हैं। अपने त्याग, मेहनत और समर्पण से परिवार और समाज को मजबूत बनाती हैं। इतिहास और वर्तमान समय में कई महिलाओं ने अपने साहस और प्रतिभा से पूरे देश को गौरवान्वित किया है। रानी लक्ष्मीबाई का साहस, सरोजनी नायडू की प्रभावशाली वाणी, कल्पना चावला का अंतरिक्ष में पहुंचकर देश का नाम रोशन करना और किरण बेदी का मजबूत प्रशासनिक नेतृत्व यह साबित करता है कि महिलाएं किसी भी क्षेत्र में पुरुषों से कम नहीं। सरकार से अपील में कहा कि महिला सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सख्त कानून बनाकर प्रभावी ढंग से पालन सुनिश्चित किया जाए।