लाडवा। रविवार को सुबह आई हल्की बरसात ने अनाजमंडी के व्यापारियों व किसानों की चिंता बढ़ा दी है। प्रशासन की ढील के चलते अनाजमंडी में लाखों का गेहूं खुले आसमान के नीचे अनाजमंडी में पड़ा है।
व्यापारी प्रमोद धवन, पवन बंसल, राकेश मलिक, नरेश कुमार, बलदेव राठी, स्वीटी भुल्लर, बबला बपदी आदि ने कहा कि उठान के कार्य में देरी के कारण अभी तक अनाजमंडी में गेहूं के सरकारी कटे खुले आसमान के नीचे पड़े हैं। उन्होंने कहा कि दोनों ही खरीद एजेंसियों द्वारा धीमी गति से उठान का कार्य किया जा रहा है और आए दिन मौसम की आंख में चोली के कारण व्यापारियों व किसानों की चिंता बढ़ी हुई है। उन्होंने कहा कि रविवार सुबह हल्की बरसात आ गई थी। परंतु व्यापारियों द्वारा पहले की अपनी दुकानों के बाहर पड़े गेहूं के कट्टों को तिरपालों आदि से ढक दिया गया था, जिसके कारण गेहूं को भीगने से बचा लिया गया। उन्होंने कहा कि गनीमत रही कि तेज बरसात नहीं आई।
पूरा दिन मौसम खराब रहने के कारण व्यापारियों व किसानों की चिंता माथे पर चिंता की लकीरें साफ दिखाई दे रही थी। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के इंस्पेक्टर रविवंद्र शर्मा ने कहा कि उनकी एजेंसी द्वारा 425176 क्विंटल गेहूं की सरकारी खरीद की गई है। जिसमें से 357939 क्विंटल गेहूं का उठान कर लिया गया है और आगे भी उठाने का कार्य जारी है। वहीं हैफेड के मैनेजर कुलदीप जांगड़ा ने कहा कि उनके एजेंसी द्वारा 283571 गेहूं की सरकारी खरीद की गई है। जिसमें से 231 350 क्विंटल गेहूं का उठान कर लिया गया है और आगे भी उठान का कार्य जारी है।