फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

घडौला में भाभी को टक्कर दे रहे दो देवर

Tue, 19 Jan 2016 12:30 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला/ कुरुक्षेत्र
विज्ञापन
विज्ञापन
खंड के पंचायती चुनाव में सभी 58 पंचायतों में सरपंच को लेकर प्रत्याशियों में जोर आजमाइश चल रही हैं। कई जगह तो सरपंच के चक्कर में रिश्ते तक दांव पर लग गए हैं।
विज्ञापन


लाडवा के नजदीक गांव घडौला में सरपंच पद के लिए भाभी और दो देवरों के बीच कड़ा मुकाबला चर्चा में है। यहां सरपंच पद के चार दावेदार चुनाव मैदान में हैं। इसमें से तीन नजदीकी रिश्तेदार हैं। इनमें से एक महिला प्रत्याशी अमीत कौर है, जबकि अन्य दो उनके देवर हैं।

देवरों और भाभी के बीच चुनावी जंग से मुकाबला रोचक हो गया है। घडौला में एक प्रत्याशी गांव का है, तो तीन प्रत्याशी गांव के बाहर बने डेरे से हैं। सरपंच पद की प्रत्याशी अमीत कौर के पति खुशवंत सिंह निवर्तमान सरपंच हैं। इस बार उन्होंने अपनी पत्नी को चुनाव मैदान में उतारा है। डेरे के दो अन्य प्रत्याशी जगदीप सिंह और सतनाम सिंह विर्क रिश्ते में अमीत कौर के देवर लगते हैं।
विज्ञापन


घडौला डेरे के तीनों प्रत्याशी सरपंच बनने को लेकर एड़ी-चोटी का जोर लगाए हुए हैं। चौथे प्रत्याशी सलिंद्र कुमार गांव की बदहाली के नाम पर मुकाबले को डेरा बनाम गांव बनाने में जुट गए हैं। गांव घडौला में कुल 501 मतदाता इस बात का फैसला करेंगे कि गांव की चौधर कौन संभालेगा। गांव में अंतिम चरण में 24 जनवरी को मतदान होना है।
गांव की गलियों में गांववासी चुनाव की चर्चा में व्यस्त हैं।

चुनावी चर्चा में जुटे गंगाराम, रामनाथ, रूलिया राम, महीपाल, जय सिंह, रामपाल, विक्की, नंबरदार तिलकराज आदी गांववासियों का कहना है कि इस बार वोट गांव के विकास के लिए दिए जाएंगे। गांव में पिछले कार्यकाल में विकास कराने का दावा करने वाले पूर्व सरपंच और मौजूदा प्रत्याशी अमीत कौर के पति खुशवंत सिंह के दावों के विपरीत गांववासियों का कहना है कि गांव में गंदे पानी की निकासी का प्रबंध न होना सबसे बड़ी समस्या है। गांव की फिरनी कच्ची है, गांव में कोई बारातघर नहीं है। गांव में एक ही चौपाल है, जो पिछडे़ वर्ग की है। बीपीएल परिवारों के लिए प्लॉट तक नहीं काटे गए हैं।
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें