केंद्रीय पर्यटन राज्य मंत्री डॉ. महेश शर्मा के निजी सहायक एवं मीडिया प्रभारी राजीव पाठक ने कहा कि ताज महोत्सव और खजराव महोत्सव की तर्ज पर यहां अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव के अलावा एक और महोत्सव का आयोजन किया जाना चाहिए। इससे पर्यटन को बढ़ावा देने की संभावनाएं और अधिक बढ़ेंगी।
वे शनिवार को विद्या भारती संस्कृति शिक्षा संस्थान के सभागार में कुरुक्षेत्र में पर्यटन की संभावनाओं एवं वर्तमान आधारभूत संरचनाओं के संवर्धन पर चिंतन मंथन को लेकर आयोजित बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि कुरुक्षेत्र में देसी और विदेशी पर्यटकों की संख्या में इजाफा करने और पर्यटन को लेकर तमाम संभावनाओं पर सुझाव लेने के लिए ही विचार साझा कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि अपने हुनर से जायका योजना के अंतर्गत ढाबा, रेहड़ी और अन्य कोई भी खाद्य सामग्री बेचने वाला व्यक्ति साल में किसी भी समय 7 दिन के लिए एक उत्सव रूपी कार्यशाला को मना सकता है। इसके लिए सरकार की तरफ से 500 रुपये प्रतिदिन देने के साथ-साथ नि:शुल्क सुविधाएं और इनसेंटिव भी दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि हुनर से रोजगार योजना के तहत युवा पीढ़ी को 7 दिन के लिए हॉस्पीटिलिटी का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इतना ही नहीं तीसरी योजना के तहत एनसीसी, एनएसएस और स्काउट के विद्यार्थियों को पर्यटक मित्र बनाया जाएगा।
ब्रह्मसरोवर के 300 मीटर दायरे को बनाना है पॉलिथीन मुक्त
राजीव पाठक ने कहा कि गीता जयंती उत्सव से पहले ब्रह्मसरोवर कार्यक्रम स्थल के 300 मीटर के दायरे में पॉलिथीन का प्रयोग नहीं किया जाना चाहिए। हर जगह उच्च स्तरीय शौचालय और पर्यटकों की सुविधा के लिए पर्यटन पुलिस की व्यवस्था होनी चाहिए।