कुरुक्षेत्र। नगर परिषद के चुनाव में वार्ड 16 से पार्षद बनी गुरप्रीत कौर ने इतिहास बना दिया है। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में एमए पंजाबी की पढ़ाई कर रही करीब 25 वर्षीय गुरप्रीत कौर को सबसे कम उम्र की पार्षद होने का गौरव मिला है। उन्होंने 1242 वोट हासिल करते हुए भाजपा की प्रत्याशी सरीता को 149 वोटों से मात दी है। सरीता को 1093 वोट मिले जबकि वार्ड में तीसरी प्रत्याशी आजाद रत्न कौर को 194 वोट मिले हैं। इस वार्ड में नोटा को 21 वोट पड़े हैं।
बेटी के इस जीत के साथ राजनीति में कदम रखने पर बिजली निगम में डीसी रेट पर एएलएम पद पर कार्यरत पिता हरविंद्र सिंह के साथ-साथ पूरा परिवार खुशी में डूबा हुआ है। गुरप्रीत कौर ने अपनी जीत के बाद वार्ड में घर-घर जाकर मतदाताओं का आभार जताया। वहीं पूर्व पार्षद विशाल शर्मा, अमित गर्ग, बिंदर रतगल, कमल रतगल, गौरव, पौरव रतगल, लक्षमण सैनी सहित अन्य लोगों ने उनका स्वागत किया।
सोचा भी न था राजनीति में आएंगे : गुरप्रीत
सेक्टर सात में स्थित रतगल गांव की रहने वाली एवं दो बहन व एक भाई में सबसे बड़ी गुरप्रीत ने बताया कि उनके साथ-साथ परिवार ने भी कभी नहीं सोचा था कि वे राजनीति में आएंगे। आज तक परिवार का राजनीति से कोई संबंध नहीं रहा लेकिन पहली बार वार्ड महिला आरक्षित हुआ तो भाईचारे में लोगों ने उनके परिवार के समक्ष चुनाव लड़ने की बात रखी। इस पर वे सहमत हो गए और फिर पूरी लग्न से चुनाव लड़ा तो वार्ड के लोगों ने भी पूरा सम्मान दिया। अब उनकी प्राथमिकता रहेगी कि वार्ड के हर कार्य को पूरा कराया जाए। हालांकि वे अपनी पढ़ाई जारी रखेंगी लेकिन वार्ड के लोगों को कोई परेशानी नहीं आने देंगी। उन्होंने भी दावा किया कि वे सबसे कम उम्र की पार्षद बनी है। उनके वार्ड में सेक्टर सात का कुछ हिस्सा है तो गांव रतगल व हाउसिंग बोर्ड एरिया भी है।