कुरुक्षेत्र। मंगलवार को दोपहर करीब 12 बजे सूनसान पड़ा मुख्य बाजार। संवाद
- फोटो : रामेश्वर दास
कुरुक्षेत्र। पहले ईरान-अमेरिका के बीच चल रहे युद्ध और फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिए गए अनावश्यक खर्च न करने के बयान के बाद अब भीषण गर्मी ने बाजार की कमर तोड़ दी है। 60 फीसदी से भी अधिक असर बाजार पर पड़ रहा है। ऐसे में कारोबारी चिंतित है तो वहीं उनके साथ जुड़े कर्मी व उनके परिवार भी चिंता में दिखाई पड़ने लगे हैं। हालांकि मौसम ने रुक-रुक कर कुछ बदलाव करते हुए हल्की राहत दी है लेकिन लगातार भीषण गर्मी से बाजार बेहाल है। सुबह व शाम को ही बाजार में कुछ चहल-पहल होने लगती है तो दोपहर 11 बजे से शाम चार बजे तक सूनापन छाया रहता है। कारोबारी ग्राहकों के इंतजार में रहते हैं। सामान्य खरीद तक प्रभावित मानी जा रही है।
30 से 40 फीसदी तक रह गया कारोबार : गांधी
व्यापार मंडल के प्रधान फतेहचंद गांधी का कहना है कि पहले युद्ध ने बाजार को बेहाल कर दिया तो बाद में प्रधानमंत्री के बयान का भी व्यापक असर हुआ। मई व जून माह में गर्मी का बाजार पर खूब असर रहता है। मई माह के बीच से लेकर पूरे जून माह महज 30 फीसदी तक खरीदारी रह जाती है। वर्तमान में यही हालात बने हुए हैं। कारोबारी चिंतित है।
घंटों भर तक ग्राहक दिखाई नहीं देते : सोनू
मुख्य बाजार में ही दुकान चलाने वाले सोनू का कहना था कि वर्तमान में बाजार में घंटों भर तक ग्राहक दिखाई नहीं पड़ते। ऐसे में दुकानों का खर्च निकालना तक दुभर हो चुका है। गर्मी के करीब डेढ़ माह के दौरान ग्राहक घरों से निकलना पसंद नहीं करता।
कुरुक्षेत्र। मंगलवार को दोपहर करीब 12 बजे सूनसान पड़ा मुख्य बाजार। संवाद - फोटो : रामेश्वर दास
कुरुक्षेत्र। मंगलवार को दोपहर करीब 12 बजे सूनसान पड़ा मुख्य बाजार। संवाद - फोटो : रामेश्वर दास