कुरुक्षेत्र। युवाओं में विदेश जाने की चाहत कम नहीं हो रही हैं। युवा एजेंटों के झांसे में आकर अपनी व परिजनों की जमा पूंजी फंसा रहे हैं। पुलिस इन एजेंटों से बचने के लिए समय-समय पर एडवाइजरी जारी कर रही है। इसके बावजूद ये मामले कम नहीं हो रहे हैं। पिछले पांच दिनों में ही विदेश भेजने के नाम पर लाखों रुपये की धोखाधड़ी के छह मामले सामने आ चुके हैं।
केस-1
आटारी कॉलोनी शाहाबाद निवासी राजकुमार ने आरोप लगाते हुए बताया कि वह अपनी बेटी खुशी को विदेश भेजना चाहता था, जिसके लिए उसने मोहाली, पंजाब के एक एजेंट से बात की। उन्होंने उसको इस कद्र झांसे में लिया कि पढ़ाई भी छुड़वा दी और अलग-अलग किस्तों में लगभग साढ़े आठ लाख रुपये भी ऐंठ लिए। उसने विश्वास दिलवाया कि वीजा का आने वाला है, अपनी पढ़ाई छोड़ दो। अब आरोपी न तो विदेश भेज रहें और न ही पैसा लौटा रहें हैं।
केस-2
भूपेंद्र निवासी शांति नगर ने शिकायत में आरोप लगाते हुए बताया कि वह अपने रिश्तेदारों को अमेरिका भेजना चाहता था। जिसके लिए उसने अपने जानकार से बात कर उसे अलग-अलग किस्तों में उसे 15 लाख रुपये थमा दिए। इसके बाद आरोपी ने एजेंट उसके रिश्तेदार को ईजिप्ट भेज बंदी बना लिया। इसके बाद उसने अपने खर्च पर रिश्तेदार को वापस घर बुला लिया। आरोपी बार-बार पैसे लौटाने का झांसा देता रहा, लेकिन पैसे वापस नहीं दिए।
केस3
रोहित सिंह निवासी गांव चंद्रभानपुरा ने बताया कि उसने इटली वर्क वीजा पर जाने के लिए अपने जानकार एनआरआई दोस्त से बात करने के बाद उसको किस्तों में लगभग 15 लाख 11 रुपये के करीब थमा दिए। लेकिन आज तक उसे न इटली भेजा और न ही दी रकम वापस लौटाई। आरोपी ने झांसे में लेकर उसके साथ धोखाधड़ी की है।
केस-4
रोशन लाल निवासी गांव चुहड़ माजरा, जिला कैथल ने बताया कि वह अपने बेटे प्रियांशु को अमेरिका भेजना चाहता था। इसके लिए उसने अपने रिश्तेदार के एक जानकार एजेंट को 15 लाख रुपये देकर वीजा लगवाने की बात तय की। आरोपी ने उसके बेटे का बाकू देश का वीजा लगवा दिया जबकि उन्हें झांसा दिया कि वीजा अमेरिका का लगवाया है। उन्होंने सच मानकर बेटे को रवाना कर दिया, लेकिन उनके बेटे को बाकू एयरपोर्ट से वापस भेज दिया गया। अब पैसे वापस मांगने पर आरोपी जान से मारने की धमकी दे रहा है।
केस5
मथाना गांव निवासी शमशेर ने बताया कि उसके साथ विदेश भेजने के नाम पर तीन लाख दो हजार की ठगी हुई है। उसने अपने जानकार के माध्यम से ऑस्ट्रेलिया जाने के लिए शहर की एक इमीग्रेशन सेंटर से वीजा लगवाने की बात की थी। आरोपी अब उसे चक्कर कटवा रहे हैं। उसे न तो वीजा दे रहे है और न ही पैसे वापस कर रहे हैं।
केस-6
अनु देवी निवासी गांव बीड मथाना ने बताया कि उसने आस्ट्रेलिया की फाईल आरोपी प्रीतपाल सैनी तथा इसकी पत्नी मोनिका सैनी को दी थी। वह इसके बाद उसने आढ़ती की पर्ची लेकर डॉलर देने की बात कही। इन्होंने इन डॉलर की अदला-बदली में लाखों रुपये की धोखाधड़ी कर ली और अब दी गई रकम लौटाने से इंकार किया जा रहा है।