फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kurukshetra News: उपाधियां हासिल कर विद्यार्थियों के खिले चेहरे

विज्ञापन
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में दीक्षांत समारोह का आयोजन, किसी ने शिक्षकों तो किसी ने अभिभावकों को समर्पित की डिग्री
विज्ञापन

पीएचडी के शोधार्थी और स्वर्ण पदक पाने वाले विद्यार्थियों को मंच पर बुलाकर किया गया सम्मानित
संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में मंगलवार को दीक्षांत समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर स्वर्ण पदक और पीएचडी की उपाधि हासिल करने वाले विद्यार्थियों मंच पर बुलाकर सम्मानित किया गया। इस दौरान उपाधियां पाकर विद्यार्थियों के चेहरे खिल उठे। इसके बाद किसी ने अपनी उपाधि शिक्षकों तो किसी ने अभिभावकों को समर्पित की। कई विद्यार्थी डिग्री और उपाधि लेने के बाद शिक्षकों से मिलकर भावुक हो गए। समारोह में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की जबकि समारोह की अध्यक्षता राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय ने की। विशिष्ट अतिथि शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा और इसरो के पूर्व अध्यक्ष वैज्ञानिक प्रो. सोमनाथ एस ने विद्यार्थियों को उपाधियां प्रदान की।
इस अवसर पर विद्यार्थियों ने पुरानी स्मृतियों को संजोया और विश्वविद्यालय में बिताए गए समय के अनुभवों को ताजा किया। डॉ. जितेंद्र कुमार ने बताया कि उन्होंने अपनी डिग्री को अभिभावकों को समर्पित किया, क्याेंकि वे उनके सहयोग और आशीर्वाद से ही इस मंजिल तक पहुंचे हैं।
विज्ञापन


जीवन में इस मुकाम तक पहुंचने का श्रेय जाता है शिक्षकों को : रेणू
स्वर्ण पदक हासिल करने वाली छात्रा रेणू पंवार ने बताया कि मास्टर ऑफ लाइब्रेरी साइंस में 80 प्रतिशत अंक हासिल किए थे। उन्हें स्वर्ण पदक हासिल कर खुशी का अनुभव हो रहा है। उन्होंने बताया कि जीवन में इस मुकाम तक पहुंचने का श्रेय शिक्षकों को जाता है। वे अभी पीएचडी कर रही हैं।

लक्ष्य प्राप्ति के लिए कड़ी मेहनत जरूरी
एमए इकोनॉमिक्स में स्वर्ण पदक हासिल करने वाली छात्रा नेहा पराशर ने बताया कि जीवन में कुछ भी कठिन नहीं है। लक्ष्य निर्धारित कर कार्य करना जरूरी है। उन्होंने 80 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल कर कक्षा में टॉप किया था तथा अभी यूपीएससी की तैयारी कर रही हैं।


संस्थान में गेस्ट फैकल्टी के तौर पर दे रहे सेवाएं
मास कम्युनिकेशन विषय में पीएचडी की उपाधि हासिल करने वाले डॉ. अतुल मिश्र ने बताया कि पीएचडी के दौरान की गई मेहनत का फल उन्हें मुख्यमंत्री के हाथों उपाधि पाकर मिल गया है। वह गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि वे उसी संस्थान में गेस्ट फैकल्टी के तौर पर अपनी सेवाएं दे रहे हैं, जहां से पीएचडी की डिग्री की है।
विज्ञापन


अभिभावकों और शिक्षकों को दिया श्रेय
म्यूजिक एंड डांस विषय में पीएचडी की उपाधि हासिल करने वाली डॉ. सृष्टि ने बताया कि वे अपनी इस उपाधि का श्रेय अभिभावकों और शिक्षकों को देती है, जिन्होंने समय-समय पर गलतियों को सुधारा। वे अभी दयाल सिंह कॉलेज करनाल में सहायक प्रोफेसर के पद पर अपनी सेवाएं दे रही हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें