दिल्ली फार्मास्युटिकल साइंसेज एंड रिसर्च यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिक एवं केयू के पूर्व शिक्षक डॉ. प्रबोध चंद्र शर्मा और केयू जूलॉजी विभाग के डॉ. जितेंद्र भारद्वाज के शोधपत्र अंतरराष्ट्रीय पत्रिका इंपैक्ट फैक्टर में प्रकाशित हुए हैं। ये शोधपत्र कैंसर के संभावित उपचारों पर केंद्रित हैं। केयू के कुलपति सोमनाथ सचदेवा ने इसे बड़ी उपलब्धि बताते हुए संबंधित वैज्ञानिकों को बधाई दी।
इस शोध पत्र के सह लेखक एवं दिल्ली फार्मास्युटिकल साइंसेज एंड रिसर्च यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रो. रमेश ने कहा कि कैंसर विज्ञान के क्षेत्र में अनुसंधान की दिशा में यह श्रेष्ठ प्रयास है। कैंसर के निदान के लिए ऐसे प्रयास निरंतर जारी रखने की आवश्यकता है। पेपर के लेखक डॉ. प्रबोध चंद्र शर्मा ने कहा कि कैंसर कोशिकाओं के खिलाफ एक थेरेपी के रूप में प्राकृतिक रूप से व्युत्पन्न माइक्रोबियल टॉक्सिन्स एक उम्मीद भरा आयाम है। इन माइक्रोबियल विषाक्त पदार्थों में क्रिया के विविध तंत्र होते हैं। केयू वैज्ञानिक एवं पेपर के सह-लेखक डॉ. जितेंद्र कुमार भारद्वाज ने भरोसा जताया कि शोधपत्र कैंसर के उपचार में सहायक साबित होंगे।