कुरुक्षेत्र। थीम पार्क में एक सप्ताह पहले मिले दिव्यांग व्यक्ति के सिरकटे शव की पहचान एक सप्ताह के बाद तक नहीं हो सकी है। पुलिस ने शव की पहचान के लिए राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (नेट ग्रिड) का डाटा खंगाला लेकिन कोई मैच नहीं मिला। आधार प्राधिकरण ने फिंगरप्रिंट मिलान के लिए डाटा उपलब्ध कराने से इन्कार कर दिया। पुलिस टीम जयपुर स्थित कृत्रिम अंग बनाने वाली प्रमुख संस्था तक पहुंची, ताकि दिव्यांगता से संबंधित रिकॉर्ड से पहचान हो सके लेकिन वहां भी टीम को कोई कामयाबी हाथ नहीं लगी।
पुलिस ने इस मामले की जांच में 150 से अधिक सीसीटीवी फुटेज की जांच की, शहर के बाहर तक कैमरों को खंगाला। चाकू विक्रेताओं से पूछताछ की गई और आसपास के मोहल्लों में घर-घर जाकर फोटो दिखाकर लापता व्यक्तियों की जानकारी जुटाई। क्राइम सीन पर डॉग स्क्वॉड की मदद ली गई लेकिन सिर का कोई सुराग नहीं मिला।
एएसपी प्रतीक गहलोत के नेतृत्व में गठित पांच विशेष टीमों ने हर संभावित कोण से जांच की है। एएसपी ने बताया कि कुछ महत्वपूर्ण सुराग हाथ लगे हैं और जल्द ही शव की पहचान और हत्यारों की गिरफ्तारी संभव है। मृतक की अनुमानित आयु 35-40 वर्ष है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में पेट पर 10-15 गहरे चाकू के घाव मिले हैं जिससे पुलिस को संदेह है कि हत्या नए और तेजधार चाकू से की गई।