शाहाबाद। राज्यव्यापी हड़ताल के तहत बुधवार को नगरपालिका कर्मचारी भी धरने पर बैठ गए। नगरपालिका कार्यालय के मुख्य द्वार पर सुबह नौ से शाम चार बजे तक चला यह प्रदर्शन कई मांगों के लिए हुआ, जिसमें वेतन वृद्धि, पुरानी पेंशन स्कीम की बहाली, ठेका प्रथा की समाप्ति, स्थायी भर्ती और समय पर वेतन भुगतान जैसी प्रमुख मांगे शामिल रहीं।
यूनियन की प्रधान नीलम रानी की अध्यक्षता में हुए इस विरोध प्रदर्शन में कर्मचारियों ने सरकार विरोधी नारे लगाए और मांगों को लेकर रोष प्रकट किया। प्रदर्शनकारियों ने एक मांग-पत्र नगर पालिका सचिव बम्बूल सिंह मलिक को सौंपा, जिसमें सरकार से उनकी समस्याओं के समाधान की अपील की गई। नीलम रानी ने बताया कि यह हड़ताल सर्व कर्मचारी संघ, हरियाणा के आह्वान पर की गई है और आज राज्य भर के करीब तीन लाख कर्मचारी इस हड़ताल में शामिल हैं। उन्होंने कहा कि हमारा यह विरोध सरकार की मजदूर और कर्मचारी विरोधी नीतियों के खिलाफ है। सरकार एक ओर वादे करती है और दूसरी ओर जमीनी स्तर पर कोई सुधार नहीं होता। प्रदर्शन में मौजूद कर्मचारी राजन ने बताया कि आज भी सफाई कर्मचारियों को महज 15 हजार रुपये प्रतिमाह वेतन दिया जा रहा है जबकि पिछले वर्ष वाल्मीकि जयंती पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सफाई कर्मचारियों का वेतन 25 हजार रुपये प्रतिमाह करने की घोषणा की थी, लेकिन अब तक उसे लागू नहीं किया गया है। प्रदर्शन में शामिल प्रमुख कर्मचारियों में निर्मला, सुमन, शकुंतला, मंजीत कौर, महेश कुमार, मनोज कुमार, अमित कुमार, अशोक, लखन कुमार, राहुल, रजनी, सुनीता, नीलम, अलका, सुखविंदर कौर, पुष्पा और रेखा आदि शामिल थे।