संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) मोड पर पिपली में आधुनिक सुविधाओं से लैस बस अड्डा बनाए जाने की आस फिर जगी है। इस पर करीब 125 करोड़ रुपये का बजट खर्च होगा। यह बस स्टैंड 10 एकड़ चार कनाल भूमि पर बनाया जाएगा। सरकार की कमेटी के पास करीब तीन निजी एजेंसियों ने अपना प्रस्ताव भेजा है। इन एजेंसियों के साथ नियमों और शर्तों की बातचीत फाइनल होने के बाद योजना को अमलीजामा पहनाया जाएगा।
विधायक सुभाष सुधा ने बस अड्डे के संबंध में परिवहन मंत्री मूलचंद शर्मा से बातचीत की और इस प्रोजेक्ट को जल्द से जल्द अमलीजामा पहनाने की सिफारिश भी की है। उन्होंने कहा कि पीपीपी मोड पर बनने वाले पिपली बस स्टैंड के मास्टर प्लान को सरकार ने मंजूरी दे दी है। योजना के अनुसार 10 एकड़ चार कनाल भूमि पर कामर्शियल एरिया मल्टी स्टोरी, पार्किंग, पार्क, बस टर्मिनल, डबल एंट्री गेट का निर्माण किया जाएगा।
इस प्रोजेक्ट पर करीब 125 करोड़ रुपये का बजट खर्च किया जाएगा। इस योजना के लिए तीन एजेंसियों ने अपना प्रस्ताव कमेटी के पास भेजा है। यह कमेटी सरकार द्वारा निर्धारित नियमों को लेकर एजेंसियों से चर्चा करेगी। जो एजेंसी सरकार के नियमों व शर्तों पर खरा उतरेगी। उस एजेंसी को प्रोजेक्ट सौंप दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि इस योजना से कुरुक्षेत्र के लोगों को फायदा होगा और यात्रियों को एक बड़ी सौगात मिलेगी। इस योजना के लिए पिछले कई सालों से लगातार प्रयास किए जा रहे है। अब यह अंतिम चरण में है, जैसे ही सरकार की ओर से गठित कमेटी का एजेंसी के साथ अनुबंध हो जाएगा। उसी समय इस पीपीपी मोड पिपली बस स्टैंड की परियोजना पर काम शुरू हो जाएगा।
मुख्यमंत्री ने 2016 में की थी घोषणा
वर्ष 2016 में लाडवा में प्रगति रैली के दौरान तत्कालीन विधायक डाॅ. पवन सैनी ने मुख्यमंत्री मनोहर लाल के समक्ष राष्ट्रीय राजमार्ग पर पिपली में आधुनिक व वातानुकूलित बस अड्डा बनाने की मांग रखी थी। इस पर मुख्यमंत्री ने एलान किया था कि पीपीपी स्कीम के तहत पिपली में आधुनिक व वातानुकूलित बस अड्डा बनाया जाएगा।