कुरुक्षेत्र। नहर से शव निकालते हुए। संवाद
लाडवा। विकास नगर के जतिन का शव चार दिन बाद नहर से बरामद हुआ। पिछले 24 घंटे से गोताखोरों की टीम, परिजन व पुलिस शव की लगातार तलाश कर रहे थे। सोमवार सुबह जैसे ही परिजनों को शव मिलने की सूचना मिली तो उनका रो-रोकर बुरा हाल हो गया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम करवा शव को परिजनों को सौंप दिया। जतिन तीन बहनों का इकलौता भाई था।
जतिन की माता रेशमा देवी ने बताया कि वह परिवार सहित लाडवा के विकास नगर में किराए के मकान में रहते हैं और मेहनत मजदूरी कर अपने परिवार का गुजारा बसर करते हैं जबकि उसके पति पलवल में नौकरी करने का काम करते हैं। रेशमा ने बताया कि उसका बेटा जतिन शुक्रवार को अपने दो दोस्तों के साथ लगभग दोपहर साढ़े 12 बजे पश्चिमी यमुना नहर हिनोरी पर नहाने के लिए गया था। परंतु शाम तक वह नहीं लौटा। जबकि उसके दो दोस्त लौट गए। बाद में उन्होंने बताया कि वह नहर में डूब गया। पुलिस व परिजनों ने शाम तक लापता युवक का सर्च अभियान चलाया। सोमवार सुबह नहर का पानी कम होने के कारण शव दिखाने दिखाई देने लगा।
नहर में शव पड़ा देख परिजनों को रो-रोकर बुरा हाल हो गया। करीब एक महीना पहले भी नहर में ऐसे ही एक युवक की डूबने से मौत हो गई थी। पिछले दो महीने में लगभग चार युवको की डूबने से मौत हो चुकी है। प्रशासन द्वारा भी नहर पर नहाने का प्रतिबंध लगाया हुआ है। बावजूद इसके युवा इस पाबंदी को नहीं मान रहे और जान जोखिम में डालकर नहरों पर मौत की डुबकी लगा रहे हैं।