संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय की ओर से संबद्ध महाविद्यालयों में आयोजित बीए द्वितीय वर्ष के तृतीय सेमेस्टर की हिंदी की पहली परीक्षा शनिवार को उस समय रद्द करनी पड़ी, जब विद्यार्थियों को आउट ऑफ सिलेबस प्रश्नपत्र दे दिया गया। विश्वविद्यालय से जुड़े आठ जिलों के महाविद्यालयों में एक साथ परीक्षा शुरू हुई थी।
विद्यार्थी परीक्षा केंद्रों पर समय से पहुंचे और निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार उत्तरपुस्तिका पर रोल नंबर व अन्य विवरण भी भर चुके थे, लेकिन प्रश्नपत्र मिलते ही छात्रों में असमंजस की स्थिति बन गई। विद्यार्थियों का कहना था कि लगभग 90 प्रतिशत प्रश्न पाठ्यक्रम से बाहर था। जैसे ही मामला सामने आया, कई केंद्रों पर छात्रों ने परीक्षा पर्यवेक्षकों को इस त्रुटि के बारे में अवगत कराया। कुछ ही देर में सभी केंद्रों से विश्वविद्यालय को स्थिति की जानकारी भेजी गई।
छात्रों का कहना था कि पाठ्यक्रम नई शिक्षा नीति के तहत बदला जा चुका है, लेकिन इसके बावजूद उन्हें पुराना प्रश्नपत्र थमा दिया गया। इससे विद्यार्थियों में निराशा और रोष दोनों देखने को मिला। करीब आधे घंटे बाद सभी विद्यार्थियों को परीक्षा केंद्रों से वापस लौटना पड़ा। इस लापरवाही के कारण हजारों उत्तरपुस्तिकाएं और प्रश्नपत्र व्यर्थ हो गए। इस घटना ने परीक्षा प्रबंधन व्यवस्था पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। अब विद्यार्थियों को नई तिथि का इंतजार है।
-पूरे प्रकरण की जांच कराई जाएगी : डॉ. अंकेश्वर
परीक्षा नियंत्रक डॉ. अंकेश्वर ने बताया कि आउट ऑफ सिलेबस प्रश्नपत्र की सूचना मिलते ही परीक्षा को तत्काल प्रभाव से रद्द कर दिया गया। उन्होंने कहा कि पूरे प्रकरण की जांच कराई जाएगी और संबंधित शिक्षकों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई होगी। उन्होंने आश्वासन दिया कि विद्यार्थियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सोमवार को परीक्षा की नई तिथि जारी कर दी जाएगी।