फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kurukshetra News: मुख्यमंत्री आवास मार्च से पहले जिंदल चौक पुलिस छावनी में बदला, वार्ता के लिए बुलाया प्रतिनिधिमंडल

विज्ञापन
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र। राजकीय अनुबंधित (गेस्ट) अध्यापकों के मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय घेराव के आह्वान पर शुक्रवार को जिंदल चौक पुलिस छावनी में बदल गया। एक माह से अधिक समय से लघु सचिवालय के सामने धरना दे रहे अतिथि अध्यापक शुक्रवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय की ओर मार्च के लिए निकले। प्रदर्शनकारी जैसे ही जिंदल चौक पहुंचे, पुलिस ने उन्हें बैरिकेडिंग पर रोक लिया। जिंदल चौक पर बैरिकेडिंग कर रास्ता बंद किया गया था। किसी भी स्थिति से निपटने के लिए वाटर कैनन तैनात रही। लाठी-ढाल और सुरक्षा उपकरणों से लैस बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी व अधिकारी मोर्चा संभाले रहे। आसपास का क्षेत्र भी पुलिस की कड़ी निगरानी में रहा।
विज्ञापन

इस दौरान कुछ देर तक नारेबाजी हुई और प्रदर्शनकारी आगे बढ़ने की मांग पर अड़े रहे। स्थिति को देखते हुए प्रशासनिक अधिकारियों ने आंदोलनकारियों से बातचीत शुरू की। वार्ता के सीएम कार्यालय प्रभारी कैलाश सैनी ने तुरंत एक दल को बातचीत के लिए बुलाया और पांच सदस्यीय अतिथि अध्यापकों के प्रतिनिधिमंडल को चंडीगढ़ में सीएम को साथ मीटिंग का संदेश दिया। इसके बाद राज्य प्रधान दिनेश यादव के नेतृत्व में पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से बातचीत के लिए चंडीगढ़ रवाना हो गया। महिला विंग की प्रदेश अध्यक्ष पूनम कुमारी ने बताया कि प्रतिनिधिमंडल नियमितीकरण सहित लंबित मांगों और पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के आदेशों के अनुपालन का मुद्दा मुख्यमंत्री के समक्ष उठाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि सरकार गेस्ट टीचर्स की मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेगी।

प्रदर्शन में प्रदेश के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में अतिथि अध्यापक शामिल हुए। वार्ता के लिए प्रतिनिधिमंडल बुलाए जाने के बाद आंदोलनकारियों ने कहा कि अब आगे की रणनीति मुख्यमंत्री के साथ होने वाली बातचीत के नतीजे के आधार पर तय की जाएगी।
विज्ञापन



चंडीगढ़ से आने वाले फैसले का इंतजार
जिला महासचिव भूपेंद्र सिंह ने बताया कि हमें चंडीगढ़ का न्योता मिला है। हमारा एक दल वहां के लिए रवाना हो गया है साथ ही उन्होंने बताया कि प्रशासन ने भारी पुलिसबल की तैनाती की थी। अब अगला फैसला चंडीगढ़ से ही आएगा
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें