कुरुक्षेत्र। प्रधान जगदीश सिंह झींडा।
कुरुक्षेत्र। हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमेटी का बजट बैठक के बाद बढ़ा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। यह विवाद सिख गुरुद्वारा न्यायिक आयोग और सिखों की सर्वोच्च धार्मिक संस्था श्री अकाल तख्त साहिब भी पहुंच गया है। कमेटी प्रधान जगदीश सिंह झींडा अब इस विवाद का तोड़ निकालने के प्रयासों में जुट गए हैं। इसके कारण मंगलवार को वे श्री अकाल तख्त साहिब सचिवालय पहुंचे और वीरवार को हरियाणा कमेटी के लिए संघर्ष में शामिल रहे लोगों के साथ पूरे हालात पर मंथन करेंगे।
यही नहीं 24 जनवरी को धमतान साहिब में समर्थक 33 सदस्यों के साथ अहम बैठक होगी। दोनों ही बैठकों में वर्तमान हालात पर चर्चा की जाएगी और इसके परिणाम पर पहुंचने का भी प्रयास किया जाएगा। झींडा का कहना है कि वे संघर्ष के साथियों व 33 सदस्यों के साथ बैठक कर बनाई जाने वाली रणनीति के अनुसार ही अगला कदम उठाएंगे। वहीं 29 जनवरी को गुरुद्वारा न्यायिक आयोग की ओर से की जाने वाली सुनवाई में शामिल होने व उससे पहले की तैयारी पर भी सदस्यों के साथ विस्तार से चर्चा की जाएगी। झींडा ने श्री अकाल तख्त को पूरे विवाद से अवगत कराते हुए कहा कि हरियाणा प्रदेश के लिए 22 वर्ष तक कड़े संर्घष के बाद अलग कमेटी मिल पाई। इसके लिए उन्होंने अपना सब कुछ दांव पर लगा दिया और अब कमेटी गुरुघरों का संचालन करने लगी तो दादूवाल सहित कुछ लोग निजी स्वार्थ लिए हथकंडे अपना रहे हैं। उन्होंने सीधे तौर दादूवाल पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वह हरियाणा कमेटी में लगातार विवाद पैदा कर रहे हैं।
वे पहले तो न्यायिक आयोग के आदेश पर बुलाई गई बजट बैठक में शामिल नहीं हुए और जब बजट बैठक हुई और उसमें बजट भी पास कर दिया गया तो उसके बाद नया विवाद खड़ा करने पहुंच गए। आरोप लगाए कि दादूवाल ने कमेटी बैठकों के दौरान सदस्यों के साथ अशोभनीय व्यवहार किया।